चिंतपूर्णी, विकास-:प्रसिद्ध शक्तिपीठ माँ चिंतपूर्णी के दरबार में श्रद्धालुओं की अटूट आस्था और भक्ति का अनूठा उदाहरण देखने को मिला। शनिवार सुबह जालंधर के जिंदल परिवार ने माता रानी के चरणों में चांदी का भव्य छत्र अर्पित कर सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इस दौरान मंदिर परिसर भक्तिमय माहौल में डूबा रहा और श्रद्धालुओं ने जय माता दी के जयकारे लगाए।
मंदिर के पुजारियों से मिली जानकारी के अनुसार, जिंदल परिवार की ओर से भेंट किए गए चांदी के छत्र का वजन 1 किलो 490 ग्राम है। इसकी अनुमानित कीमत करीब 3 लाख 80 हजार रुपये बताई गई है। शनिवार सुबह मंदिर में विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की गई। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच चांदी के छत्र को माता रानी के चरणों में समर्पित किया गया। इस धार्मिक अनुष्ठान को मंदिर के पुजारी नवीन कालिया की देखरेख में संपन्न करवाया गया।छत्र अर्पित करने के बाद जिंदल परिवार ने माँ चिंतपूर्णी के दरबार में माथा टेककर आशीर्वाद प्राप्त किया। परिवार ने देश और प्रदेश में सुख-शांति, समृद्धि तथा खुशहाली बने रहने की प्रार्थना की।इस अवसर पर मंदिर परिसर में श्रद्धा और भक्ति का विशेष वातावरण देखने को मिला। माता रानी के जयकारों से पूरा दरबार गूंज उठा। माँ चिंतपूर्णी के प्रति श्रद्धालुओं की गहरी आस्था एक बार फिर इस धार्मिक भेंट के माध्यम से सामने आई। धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं द्वारा अपनी श्रद्धा के अनुसार भेंट अर्पित करने की परंपरा सदियों से चली आ रही है।
