संजु चौधरी, शिमला: प्रदेश की कांग्रेस सरकार की ओर से भाजपा सरकार के समय में खोले गए शिक्षण संस्थानों को बंद किया गया हैं। इन शिक्षण संस्थानों में प्रदेश के कई कॉलेज भी शामिल हैं जिन्हें सरकार की ओर से बंद किया गया हैं। इन कॉलेजों को बंद करने के विरोध में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद उतर आई हैं। विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश ने समीक्षा योजना बैठक में आगामी आंदोलन की रूपरेखा तैयार कर ली हैं। एबीवीपी का कहना है कि सरकार ने प्रदेश के कई कॉलेज बिना सोचे समझे डीनोटिफाई कर दिए है जिससे वहां पढ़ने वाले छात्रों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा हैं। उन्होंने कहा कि छात्रों की समस्याओं को लेकर एबीवीपी पूरे प्रदेश में आंदोलन करेगी।
एबीवीपी के प्रांत मंत्री आकाश नेगी ने बताया कि 17 अप्रैल को जिला केंद्र व विश्वविद्यालय केंद्रों पर धरने प्रदर्शन किए जाएंगे। हस्ताक्षर अभियान चलाकर डीसी एसडीएम के माध्यम से व वाइस चांसलर व शिक्षा मंत्री को ज्ञापन दिए जाएंगे। 25 अप्रैल को धरने दिए जायेंगे और 28 अप्रैल को सांकेतिक भूख हड़ताल की जाएगी। नेगी ने कहा की सरकार ने द्वेष की भावना से प्रदेश के कई कॉलेज डी नोटिफाई किए हैं जिससे प्रदेश के दूरदराज क्षेत्रों के छात्र छात्राओं को प्रताड़ित होना पड़ रहा हैं।
