सचिन शर्मा,मनाली(TSN): कुल्लू जिला सहित मनाली के नग्गर ब्लॉक के ज़िला परिषद कैडर के अधिकारी एवं कर्मचारी बीते 30 सितंबर से अपनी म विभाग में विलय की मांग को लेकर हड़ताल पर हैं। जिला परिषद अधिकारी एवं कर्मचारी संघ ईकाइ नगर की चल रही यह कलम छोड़ हड़ताल बुधवार को 19वें दिन में पहुंच गई हैं। यह संघ अपनी एकमात्र मांग “विभाग में विलय” को लेकर गत माह 30 तारीख से अपने अपने विकास खंडों में हड़ताल पर बैठे हुए हैं।
जिला परिषद अधिकारी एवं कर्मचारी संघ के जिलाध्यक्ष दुनी चंद व खंड अध्यक्ष हर्षदीप ने बताया कि यह संघ पिछले 24 वर्षों से अपनी मांगो को लेकर संघर्ष कर रहा हैं। उन्होंने कहा कि हमारी नियुक्ति वर्ष 1999 व उसके बाद भी सरकार की ओर से पंचायती राज विभाग के ओर लोक सेवा चयन बोर्ड हमीरपुर के माध्यम से की है लेकिन बाद में हमें जिला परिषद कैडर में नियमित किया गया जिस विषय से अनभिज्ञ थे। जब प्रदेश सरकार की ओर हिमाचल प्रदेश के कर्मचारियों को छठा वेतन आयोग 2016 से लागू हुआ तब विभाग की इन्हें इस वेतन आयोग को लाभ देने से यह कहकर इंकार किया गया कि ये प्रदेश सरकार के किसी भी विभाग के कर्मचारी नहीं हैं।
यही नहीं इन कर्मचारियों को पुरानी पेंशन योजना से भी बाहर रखा गया हैं न ही इन कर्मचारियों के लिए प्रमोशन का भी कोई प्रावधान नहीं हैं। यहां तक की वर्तमान में जारी हो रहे डीए ओर अन्य भत्तों से भी उन्हें वंचित रखा जा रहा हैं, जबकि इससे पहले आज तक उन्हें सभी प्रकार भत्ते मिल रहे थे। उन्हें मजबूरन इस कदम को उठाना पड़ गया है और आज पूरे प्रदेश के जिला परिषद कर्मचारी कलम छोड़ हड़ताल पर हैं।
उन्होंने कहा कि आपदा के दौरान प्रदेश भर से मुख्यमंत्री राहत कोष में 16 लाख रुपये ओर एक दिन का वेतन लगभग 70 लाख रुपये दान किए हैं। उन्होंने सरकार से अपील की है कि जल्द से जल्द उनकी मांग को पूर्ण करें ताकि वह जल्द से जल्द अपने कार्य स्थल पर वापिस लौट सके व आम जनमानस के कार्य कर सके।
