मंजूर पठान,चंबा: हिमाचल प्रदेश के दूरदराज के क्षेत्र में आज भी सरकारी स्कूलों में छात्रों को समस्याओं से दो-चार होना पड़ रहा हैं। भले ही प्रदेश सरकार की ओर से प्रदेश में बेहतर शिक्षा छात्रों को मुहैया करवाने के दावे किए जा रहे हैं लेकिन हालात अभी भी कुछ और ही हैं। बात अगर चंबा जिला के तहत आने वाले चुराह विधानसभा क्षेत्र के वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय लोह टिकरी की तो यहां स्कूल में साइंस संकाय ना होने से छात्रों को परेशानियों से दो चार होना पड़ रहा हैं।
यह स्कूल 15 पंचायतों का केंद्र बिंदु माना जाता हैं। उसके बावजूद भी यहां साइंस की पढ़ाई करने के इच्छुक बच्चों के सपने साकार नहीं हो रहे हैं और बच्चों को मजबूर आर्ट्स की पढ़ाई करनी पड़ रही हैं। कई बार इसके बारे में सरकार से मांग भी की गई लेकिन कोई असर नहीं हुआ। सरकार की अनदेखी की वजह से ही बच्चों के डॉक्टर, इंजीनियर बनने के सपने टूट रहे हैं। बच्चों को साइंस की पढ़ाई करने के लिए यहां से सैकड़ों किलोमीटर दूर चंबा जाना पड़ता है या फिर भंजराडू जाना पड़ता है जिसके चलते यहां पढ़ाई करना हर किसी बच्चे की लिए चुनौती हैं।
ग्रामीण इलाकों में लोग खेती बाड़ी और मजदूरी करके अपने बच्चों को पढ़ाते हैं लेकिन बच्चों को शहर में शिक्षा उपलब्ध करवाना हर परिवार के लिए चुनौती भरा काम हैं। ऐसे में स्कूली बच्चों ने सरकार से मांग करते हुए कहा है कि जल्द हमारे विद्यालय में साइंस विषय की पढ़ाई शुरू करवाई जाए ताकि बच्चों को साइंस पढ़ने में परेशानी ना हो सके। बता दें कि इस स्कूल में छठी से बारहवीं कक्षा में पढ़ने वालों छात्रों की संख्या 350 के करीब हैं।
वहीं दूसरी और स्कूली बच्चों ने सरकार से मांग करते हुए कहा है कि हमारे स्कूल में साइंस विषय की पढ़ाई नहीं होने के चलते हमें आर्ट्स की पढ़ाई करनी पड़ती हैं। सभी बच्चे चाहते हैं कि वह साइंस विषय की पढ़ाई करे लेकिन स्कूल में साइंस विषय ही नहीं हैं। ऐसे में सरकार से मांग करते हैं कि स्कूल में भी साइंस विषय की पढ़ाई शुरू करवाई जाए ताकि ग्रामीण इलाकों में बच्चे भी डॉक्टर और इंजीनियर बन सके।
वहीं दूसरी ओर स्कूल के प्रधानाचार्य शक्ति सूद ने बातचीत करते हुए बताया कि मैंने हाल ही में 1 जून को यहां ज्वाइंट किया हैं। यहां बच्चे काफी होनहार हैं और अध्यापक भी काफी मेहनत करते हैं लेकिन साइंस विषय की पढ़ाई नहीं हो पा रही हैं। इसके लिए हम बच्चे और स्थानीय लोग सरकार से मांग करते हैं कि जल्द स्कूल में साइंस विषय की पढ़ाई करवाई जाए ताकि बच्चों को साइंस विषय पढ़ने में कठिनाई ना हो।
