राकेश,ऊना(TSN): जिला ऊना के सीमावर्ती गांवों में बॉर्डर पर लगी एक औद्योगिक इकाई की ओर से छोड़े जा रहे पानी से लोगों की फसलों पर इसका असर पड़ रहा हैं। इसी समस्या को लेकर बॉर्डर पर बसे कई गांव के लोगों ने लेकर हिमाचल सरकार और पंजाब सरकार को आपबीती सुनाई थी। हिमाचल सरकार की ओर से इन पांच गांवो में पानी के सैंपलों को भरा गया ताकि पानी की क्वालिटी को चेक किया जाए लेकिन पानी के भरे सैंपलों को कई माह बीत जाने के बाद सैंपल की रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं हुई है जिसको लेकर इन गांवों के प्रतिनिधियों ने सोमवार को आईपीएच विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ मुलाकात की।
प्रतिनिधियों ने जल्द से जल्द रिपोर्ट को सार्वजनिक करने की मांग उठाई हैं जिसपर उन्हें पानी के भरे सैंपल की रिपोर्ट सीनियर अधिकारी के सिग्नेचर होने के बाद जल्द सौंप दिए जाने का आश्वासन मिला हैं। अधिकारियों की ओर से पानी की समस्या को देखते हुए आसपास के गांव से ट्यूबवेल के माध्यम से पानी पहुंचाने जाने का आश्वासन भी दिया हैं जिसमें उन्होंने एक माह का समय भी दिया हैं।
गांव के लोगों ने बताया कि अगर उनकी समस्या का दिए समय से कुछ दिन बाद भी समाधान आईपीएच विभाग की ओर से नहीं किया जाता हैं तो वह गांव के अन्य लोगों के साथ मिलकर एक बड़ा विरोध प्रदर्शन करने से भी पीछे नहीं हटेंगे जिसकी जिम्मेवारी आईपीएच विभाग और जिला प्रशासन की होगी।
