शिमला-:भाजपा सांसद एवं पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुरेश कश्यप ने हिमाचल प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर केंद्र प्रायोजित विकास योजनाओं का राजनीतिक लाभ लेने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व वाली प्रदेश सरकार विकास परियोजनाओं का श्रेय लेने में जुटी है, जबकि इन योजनाओं में केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का महत्वपूर्ण योगदान है।सुरेश कश्यप ने कहा कि केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी क्षेत्रीय संपर्क योजना ‘उड़ान’ (UDAN) के तहत हिमाचल प्रदेश में हवाई संपर्क और हेलीपोर्टों के विकास को गति मिली है। इसके बावजूद प्रदेश सरकार इन परियोजनाओं को अपनी उपलब्धि के रूप में प्रचारित करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में केंद्र के योगदान को नजरअंदाज करना राजनीतिक संकीर्णता को दर्शाता है।
उन्होंने बताया कि संसद में प्रस्तुत आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, जून 2024 तक हिमाचल प्रदेश में उड़ान योजना के तहत विमानन अवसंरचना के लिए 213.52 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे, जिनमें से 160.48 करोड़ रुपये खर्च किए जाने का उल्लेख था। वहीं, फरवरी 2026 तक प्रदेश में 38 क्षेत्रीय हवाई मार्ग परिचालित किए जा चुके थे और चार हेलीपोर्ट क्षेत्रीय हवाई संपर्क से जुड़ चुके थे। उन्होंने कहा कि ये आंकड़े हिमाचल में हवाई संपर्क मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार के प्रयासों को दर्शाते हैं।कश्यप ने सवाल उठाया कि जब उड़ान योजना केंद्र सरकार की है और इसके तहत विकास कार्यों के लिए केंद्रीय सहायता दी जा रही है, तो प्रदेश सरकार के उद्घाटन समारोहों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार के योगदान को उचित महत्व क्यों नहीं दिया जा रहा है? उन्होंने कहा कि सार्वजनिक विकास परियोजनाओं को राजनीतिक प्रचार का माध्यम बनाने के बजाय सभी संबंधित पक्षों के योगदान को स्वीकार किया जाना चाहिए।
भाजपा सांसद ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार उद्घाटन समारोहों में भाजपा सांसदों की भागीदारी और उनके नामों को नजरअंदाज कर रही है। उन्होंने कहा कि सांसद जनता के निर्वाचित प्रतिनिधि हैं और विकास परियोजनाओं से जुड़े कार्यक्रमों में उन्हें उचित सम्मान एवं भागीदारी मिलनी चाहिए। राजनीतिक मतभेदों के कारण जनप्रतिनिधियों की भूमिका को नजरअंदाज करना लोकतांत्रिक परंपराओं के अनुरूप नहीं है।पालमपुर हेलीपोर्ट को लेकर भी कश्यप ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यह परियोजना भी उड़ान योजना के तहत चिह्नित है और इसके विकास के लिए निविदा प्रक्रिया आगे बढ़ चुकी है, जबकि नियमित हेलीकॉप्टर सेवा शुरू होना अभी बाकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार इस परियोजना को अपनी राजनीतिक उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत करने की तैयारी कर रही है।
कश्यप ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से मांग की कि पालमपुर सहित प्रदेश के अन्य हेलीपोर्टों के विकास में केंद्र और राज्य सरकार के वित्तीय योगदान का स्पष्ट ब्योरा सार्वजनिक किया जाए। उन्होंने कहा कि परियोजनाओं के लिए स्वीकृत धनराशि, अब तक हुए खर्च और पूरे किए गए कार्यों की जानकारी जनता के सामने रखी जानी चाहिए, ताकि विकास कार्यों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की योजनाओं पर राजनीतिक श्रेय लेने से किसी सरकार का वास्तविक योगदान नहीं बदल जाता। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार हिमाचल प्रदेश में हवाई संपर्क और आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। ऐसे में प्रदेश सरकार को भी इन प्रयासों का उचित उल्लेख करना चाहिए।सुरेश कश्यप ने मांग की कि उड़ान योजना से संबंधित उद्घाटन समारोहों में केंद्र सरकार के योगदान को स्पष्ट रूप से दर्शाया जाए, संबंधित सांसदों को उचित सम्मान एवं भागीदारी दी जाए तथा पालमपुर समेत सभी हेलीपोर्ट परियोजनाओं की वित्तीय स्थिति और निर्माण प्रगति सार्वजनिक की जाए।उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुक्खू को राजनीतिक श्रेय लेने के बजाय विकास परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने और प्रदेश की जनता को बेहतर हवाई संपर्क सुविधाएं उपलब्ध करवाने पर ध्यान देना चाहिए।

