हमीरपुर, अरविंद-: भाजपा मंडल सुजानपुर के मीडिया प्रभारी नरेंद्र ठाकुर ने प्रदेश के सबसे बड़े न्यूरो सर्जन एवं विधायक डॉ. जनक राज को लेकर दिए जा रहे बयानों पर कड़ा पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि विदेश से डॉक्टरी करने वाले और दो बार चुनाव हार चुके लोगों को डॉ. जनक राज को सलाह देने के बजाय पहले प्रदेश के अस्पतालों की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए।पत्रकारों से बातचीत में नरेंद्र ठाकुर ने कहा कि डॉ. जनक राज लंबे समय से जरूरतमंद और गरीब मरीजों की सेवा करते आए हैं। हजारों मरीजों के लिए उन्होंने मसीहा की तरह काम किया है। ऐसे में बयानबाजी के माध्यम से उनकी जनसेवा को रोकने का प्रयास उचित नहीं है।
नादौन में मेडिकल कैंप आयोजित करने के लिए अनुमति नहीं लेने के आरोपों पर नरेंद्र ठाकुर ने कहा कि संबंधित आयोजकों की ओर से सीएमओ कार्यालय हमीरपुर में बाकायदा आवेदन किया गया था। आवेदन पर कार्यालय की मोहर भी लगी हुई है। उन्होंने कहा कि आधी-अधूरी जानकारी के आधार पर जनता को गुमराह करने के बजाय पूरे तथ्यों की जानकारी सार्वजनिक की जानी चाहिए।नरेंद्र ठाकुर ने कहा कि डॉ. जनक राज ने गरीब परिवार से निकलकर चिकित्सा के क्षेत्र में पहचान बनाई और हमेशा जरूरतमंदों की सहायता की। उन्होंने प्रदेश के प्रमुख चिकित्सा संस्थान में एमएस के रूप में भी सेवाएं दी हैं। ठाकुर ने स्पष्ट किया कि डॉ. जनक राज ने देश में रहकर ही चिकित्सा की पढ़ाई की थी, इसलिए उनके बारे में गलत तथ्य प्रस्तुत करना दुर्भाग्यपूर्ण है।उन्होंने कहा कि निजी अस्पतालों में न्यूरो सर्जरी के लिए मरीजों को भारी शुल्क चुकाना पड़ता है, जबकि डॉ. जनक राज जरूरतमंद लोगों का नि:शुल्क इलाज करने के लिए आगे आते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे जनसेवा के कार्यों को प्रोत्साहित किया जाना चाहिए, न कि उन्हें विवादों में घसीटकर रोकने का प्रयास किया जाए।
प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए नरेंद्र ठाकुर ने कहा कि कई सरकारी अस्पतालों में उपचार के लिए जरूरी मशीनें खराब पड़ी हैं और डॉक्टरों की कमी बनी हुई है। सरकार को इन समस्याओं का समाधान करने पर प्राथमिकता से काम करना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि स्वास्थ्य सुविधाएं सुधारने के बजाय जनसेवा करने वालों पर सवाल उठाए जा रहे हैं।उन्होंने नादौन अस्पताल का उदाहरण देते हुए कहा कि पिछले दिनों एक मरीज को न तो समय पर डॉक्टर उपलब्ध हो पाया और न ही एंबुलेंस। मुख्यमंत्री के विधानसभा क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की यह स्थिति चिंता का विषय है।नरेंद्र ठाकुर ने कहा कि जनता अब सब कुछ देख और समझ रही है। उन्होंने दो बार चुनाव हार चुके नेताओं पर भी निशाना साधते हुए कहा कि जनता उन्हें पहले ही नकार चुकी है। ऐसे लोगों को जनसेवा करने वालों पर टिप्पणी करने से पहले प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था की वास्तविक स्थिति पर ध्यान देना चाहिए।उन्होंने सरकार से मांग की कि अस्पतालों में डॉक्टरों की नियुक्ति, चिकित्सा उपकरणों की मरम्मत और मरीजों को समय पर इलाज एवं एंबुलेंस सुविधा उपलब्ध करवाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं।
