मंडी,धर्मवीर(TSN)-मंडी शहर के जेलरोड़ में जिस मस्जिद के अवैध निर्माण को लेकर हिंदू संगठनों ने दो दिन पूर्व मंडी में विरोध प्रदर्शन किया था,उसपर कार्रवाई करते हुए प्रशासन के आदेशों के बाद मुस्लिम समाज से जुड़े लोगों ने अवैध निर्माण को गिराने का काम खुद ही शुरू कर दिया है।वीरवार शाम करीब चार बजे मुस्लिम समाज के लोगों ने अवैध निर्माण को गिराने का कार्य शुरू कर दिया।इस दौरान पुलिस बल मौके पर मौजूद रहा और किसी प्रकार की विघ्न बाधा उत्पन्न नहीं हुई।
प्रशासन के आदेशों के बाद मुस्लिम समाज के लोगों ने खुद ही किया तोड़ने का कार्य
जेलरोड़ मस्जिद कमेटी के सदस्य इकबाल अली ने कमेटी की तरफ से मीडिया में अपना पक्ष रखा और कहा कि अवैध निर्माण को तोड़ने का कार्य किसी भी दबाव में नहीं किया जा रहा है। अवैध निर्माण को लेकर विभाग के अधिकारियों ने मौके पर निशानदेही की थी और जो ढांचा अवैध पाया गया था उसे तोड़ने के आदेश दिए थे। प्रशासन के इन्हीं आदेशों का पालन करते हुए इस ढांचे को तोड़ा जा रहा है। जहां तक पीडब्ल्यूडी की जमीन आती है वहां तक जो भी निर्माण हुआ है उसे तोड़ा जा रहा है। बाकी मस्जिद नीजि भूमि पर बनी है। यह कार्य इसलिए भी किया जा रहा है ताकि आपसी भाईचारा और सौहार्द बना रहे। प्रशासन के जो भी आदेश प्राप्त हुए हैं उनका पालन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि शिमला में मस्जिद को लेकर जो विवाद चल रहा है इनका उससे कोई लेना-देना नहीं है और वहां पर जो कुछ हो रहा है उस आधार पर मंडी की कार्रवाई का कोई नाता नहीं है।
हम चाहते हैं बना रहे सौहार्द,इसलिए तोड़ा अवैध ढांचा
इकबाल अली ने बताया कि अक्तूबर 2023 में मस्जिद के नक्शे की अनुमति के लिए नगर निगम के पास आवेदन किया गया था। उस वक्त पीडब्ल्यूडी की एनओसी के बारे में पता नहीं था तब तक अधिकतर निर्माण किया जा चुका था। 6 महीनों बाद इस बारे में पता चला उसके पहले इस संदर्भ में कोई जानकारी नहीं थी। लेकिन अब जो भी आदेश प्रशासन की तरफ से प्राप्त हुए हैं उनका पालन किया जा रहा है।
डीसी मंडी अपूर्व देवगन ने कहा ये
वहीं डीसी मंडी अपूर्व देवगन ने बताया कि मंडी शहर में सभी अवैध कब्जों पर कार्रवाई की जा रही। मंडी में जो मस्जिद का हिस्सा तोड़ा गया है वह भी इसी का हिस्सा है। पहले भी लोक निर्माण विभाग ने यहां पर कार्रवाई करते हुए 16 वर्गमीटर अवैध कब्जे को हटाया था,वहीं आज खुद मुस्लिम समुदाय के लोग स्वयं बचे हुए 3 वर्गमीटर अवैध कब्जे को हटा रहे हैं। टीसीपी एक्ट के तहत यह कार्रवाई की गई है।
