शिमला,15 अक्टूबर(TSN)-पूर्व प्रान्त महामंत्री अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ एवं पूर्व विशेष कार्यकारी अधिकारी शिक्षामंत्री डॉ मामराज पुंडीर का कहना है कि प्रदेश के कर्मचारियों को 1/1/23 से 4 प्रतिशत डीए की घोषणा करके सरकार वाह वाही लूटने का काम करना चाहती हैं। परन्तु वेतन का एरियर,पिछले और अभी के डीए के एरियर पर चुप बैठी है।
डॉ मामराज पुंडीर का कहना है कि अभी भी प्रदेश के कर्मचारियों का 12 प्रतिशत डीए सरकार के पास है।जिससे हर एक कर्मचारी को 15 हजार से बीस हजार का नुकसान हो रहा है।और छठे वेतन का हर कर्मचारी का कम से कम 4 लाख के एरियर सरकार के पास है।आखिर कर्मचारियों के मांगों पर प्रदेश का डरा हुआ कर्मचारी चुप क्यों बैठा है। पूर्व सरकार को पानी पी पी कर कोसने वाले साम्यवादी संगठन और कुछ कर्मचारियों से करोड़ो रूपये खाने वाले जो अपने को कर्मचारी नेता कहते है आज किस बिल में जाकर घुस गए हैं।दो वर्षों में प्रदेश के कर्मचारियों की कोई जेसीसी नही हुईं। ऐसे मे कर्मचारियों की हितेषी सरकार कैसे हो सकती है। जो भी कर्मचारी सरकार से मीडिया या सोशल मीडिया के माध्यम से अपने अधिकारों की मांग करते है उन्हें सरकार दबाने का काम करते है।
