बिलासपुर:सुभाष ठाकुर – हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम के होटल और कैफे में अब जल्द ही बिलासपुर की मशहूर कहलूरी, मंडी की मंडयाली, चंबा की चंबयाली और कांगड़ा जिला की कांगड़ी धाम का जायका मिलेगा। निगम की ओर से यह नई व्यवस्था आरंभ की गई है।जिसके लिए कुक व अन्य स्टाफ की तीन दिवसीय ट्रेनिंग बिलासपुर लेक व्यू कैफे में शुरू हुई।
26 जुलाई तक यह ट्रेनिंग चलेगी। सोमवार को पर्यटन विभाग के सैफ देवेंद्र शर्मा ने मंडयाली धाम बनाने के गुर सिखाए। अगले दो दिन कांगड़ा, चंबा धाम को लेकर ट्रेनिंग दी जाएगी। वहीं ट्रेनिंग के पहले दिन मंडयाली धाम में बनने वाले व्यंजन जैसे धुली दाल, राजमाह व सेपू बड़ी का मदरा इत्यादि बनाने की पूरी विधि सिखाई गई।
टूरिज्म के प्रत्येक होटल में एक एक कुक धाम तैयार करने में माहिर होगा।
बता दें कि हिमाचल प्रदेश सारा साल कांगड़ा, चंबा, मंडी व कुल्लू मनाली के लिए हजारों की संख्या में पर्यटकों की आवाजाही रहती है। कुल्लू मनाली के लिए बिलासपुर होकर पर्यटक गुजरते हैं। इस बीच कई बार पर्यटक लोकल धाम की डिमांड करते हैं लेकिन यह व्यवस्था न होने की वजह से उन्हें मायूस होकर लौटना पड़ता है। इस पर विशेष ध्यान देते हुए अब पर्यटन विकास निगम ने हर दिन के मैन्यू में शामिल लजीज व्यंजनों के अतिरिक्त संबंधित जिलों की मशहूर धाम का तडक़ा लगाने का भी निर्णय लिया।
उधर, पर्यटन विकास निगम के बिलासपुर में कार्यरत प्रबंधक तुलसी राम शर्मा ने बताया कि प्रदेश के होटलों में पहुंचने वाले सैलानियों को अब जिलों की मशहूर धामों का जायका मिल सकेगा। इसके लिए विशेष व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। बिलासपुर में कुक को प्रशिक्षण देकर ट्रेंड किया जा रहा है।
