मंजूर पठान,चंबा: चंबा जिला के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल डलहौजी के पहाड़ इन दिनों बर्फ से ढक चुके हैं। वहीं पहाड़ों पर ट्रैकिंग करने की चाह लेकर 500 के करीब प्रतिभागी डलहौजी पहुंच चुके हैं। अब इन ट्रैकर्स को पहाड़ों पर ट्रैकिंग करवाने में मदद यूथ हॉस्टल डलहौजी की ओर से की जाएगी। ट्रैकिंग का शौक रखने वालें ट्रैकर्स के लिए यूथ हॉस्टल डलहौजी इन दिनों अहम भूमिका निभा रहा हैं। हर साल देश विदेश से ट्रैकिंग के लिए कॉलेज के युवाओं के कई यूनिट डलहौजी पहुंचते हैं ओर यहां की खूबसूरत वादियों को निहारने के लिए ट्रैकिंग पर निकल जाते हैं।
डलहौजी में हिमालयन विंटर ट्रैकिंग का प्रोग्राम चला हुआ हैं, जिसके लिए देश के कई राज्यों से ट्रैकिंग के लिए युवा यहां पहुंचते हैं। डलहौजी पहुंचकर युवा कालाटॉप, खजियार,चंबा के मंगला सहित कई पहाड़ों पर ट्रैकिंग करने के लिए जाते हैं। इन पहाड़ों पर युवाओं को ट्रैकिंग करवाने में यूथ हॉस्टल डलहौजी एक अहम भूमिका निभाता हैं।
सबसे पहले देश के अलग-अलग राज्यों से आने वाले ट्रैकर्स यूथ हॉस्टल डलहौजी पहुंचते है और अपना कैंप स्थापित करते हैं। उसके बाद यूथ हॉस्टल के रोड मैप के अनुसार ही आगे बढ़ते है और उन रास्तों पर जाते है जिसकी सूची दी गई होती हैं। डलहौजी के ऊंचाई वाले इलाकों में हुए हिमपात के बाद ट्रैकर्स काफी आनंदित हो रहे हैं। अलग-अलग राज्यों से पांच सौ के करीब प्रतिभागी ट्रैकिंग के लिए डलहौजी के यूथ हॉस्टल पहुंचे हैं ओर यूथ हॉस्टल डलहौजी की अगुवाई में ट्रेकिंग पर निकले हैं।
यूथ हॉस्टल डलहौजी के मैनेजर देवेंद्र शर्मा ने बताया की इन दिनों हिमालयन विंटर ट्रैकिंग का प्रोग्राम चल रहा है जिसमें देश के अलग अलग राज्यों से पांच सौ के करीब प्रतिभागी ट्रैकिंग करने के लिए पहुंचे हैं। उनके लिए यूथ हॉस्टल डलहौजी पूरा सहयोग कर रहा हैं। उनके लिए गाइड के रूप में होम गार्ड के जवान साथ भेजे गए हैं और वो कालाटॉप,खजियार मुगला के बाद वापिस डलहौजी आएंगे। इसके बाद उन्हें यूथ हॉस्टल डलहौजी की ओर से ट्रैकिंग के प्रमाण पत्र जारी किए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि हमारा प्रयास है की ट्रैकिंग को भी चलो चंबा अभियान के साथ जोड़ा जाए और चंबा के युवाओं को भी डलहौजी आ कर ट्रैकिंग के गुर सीखने चाहिए ताकि वो भी ट्रैकिंग कर सके।
