राहुल चावला, धर्मशाला-:केंद्रीय विश्वविद्यालय हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला स्थित प्रस्तावित धौलाधार कैंपस को लेकर सियासत तेज हो गई है। आम आदमी पार्टी ने कैंपस निर्माण में हो रही देरी को लेकर प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए जल्द से जल्द 30 करोड़ रुपये जमा करवाने की मांग की है। इस संबंध में पार्टी के जिला पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने धर्मशाला में उपायुक्त कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन भी सौंपा।आम आदमी पार्टी संगठनात्मक जिला कांगड़ा के अध्यक्ष देशराज ने कहा कि जदरांगल स्थित धौलाधार कैंपस का निर्माण लंबे समय से लंबित है। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2023 में केंद्र सरकार की ओर से कैंपस के लिए फॉरेस्ट क्लीयरेंस दी जा चुकी है। वहीं, करीब 55 हेक्टेयर वन भूमि को केंद्रीय विश्वविद्यालय के नाम स्थानांतरित करने की प्रक्रिया के तहत पेड़ों और वन संपदा का मूल्यांकन लगभग 30 करोड़ रुपये किया गया है। यह राशि प्रदेश सरकार को जमा करवानी है, लेकिन अभी तक भुगतान नहीं किया गया है।
देशराज ने आरोप लगाया कि सरकार की ओर से कैंपस निर्माण को लेकर गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने केंद्रीय विश्वविद्यालय के देहरा और जदरांगल दोनों कैंपस के लिए कुल 500 करोड़ रुपये स्वीकृत किए थे। इसमें 250 करोड़ रुपये देहरा और 250 करोड़ रुपये जदरांगल कैंपस के लिए निर्धारित किए गए थे। उनके अनुसार देहरा कैंपस का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है, जबकि जदरांगल कैंपस में अभी तक निर्माण शुरू नहीं हो पाया है।उन्होंने प्रदेश सरकार से मांग की कि बिना किसी और देरी के 30 करोड़ रुपये जमा करवाकर निर्माण कार्य शुरू करवाया जाए। देशराज ने आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर भी बड़ा दावा करते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी हिमाचल प्रदेश की सभी विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी। उन्होंने भाजपा और कांग्रेस पर कांगड़ा जिले के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया। साथ ही कहा कि यदि प्रदेश में AAP की सरकार बनती है तो पार्टी का मुख्यमंत्री कांगड़ा जिले से होगा।वहीं, AAP प्रवक्ता अचल छाबड़ा ने कहा कि केंद्रीय विश्वविद्यालय का धर्मशाला कैंपस केवल शिक्षा के लिहाज से ही नहीं, बल्कि रोजगार और क्षेत्र के विकास के लिए भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि धर्मशाला में चंबा समेत आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में विद्यार्थी शिक्षा प्राप्त करने आते हैं। कैंपस बनने से विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं मिलने के साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार और विकास के अवसर भी बढ़ेंगे।अचल छाबड़ा ने सरकार से शिक्षा से जुड़े इस महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट को प्राथमिकता देने और 30 करोड़ रुपये जल्द जमा करवाकर निर्माण कार्य शुरू करवाने की मांग की।

