राहुल चावला, धर्मशाला: आज के तकनीकी के इस युग में जहां जीवन सरल हो गया है, तो वहीं साइबर अपराध से जुड़े हुए मामले भी बढ़ते जा रहे हैं। यह शातिर अपराधी आए दिन लोगों को ठग कर उनकी खून पसीने की कमाई को हथिया रहे हैं। इसी तरह से अब इन साइबर अपराधियों ने लोगों को ठगने का एक का नया तरीका इजात किया हैं। अब आपकी आवाज को साइबर अपराधी किसी भी व्यक्ति को ठगी का शिकार बनाने में प्रयोग कर सकते हैं।
इस दौरान साइबर अपराधी आपकी आवाज और फोटो का इस्तेमाल करके आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस का इस्तेमाल कर ऐसी घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं। ऐसे में किसी व्यक्ति या रिश्तेदार की ओर से वॉयस या वीडियो कॉल प्राप्त करने के बाद पुन: पुष्टि करें कि क्या आपने किसी प्रकार के पैसे की मांग की है या नहीं। आम जनता की जागरूकता के लिए एएसपी कांगड़ा हितेश लखनपाल ने इस बारे में जानकारी सांझा की हैं।
इस दौरान उन्होंने लोगों को जागरूक करते हुए कहा है कि आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस की बहुत सी एप बन गई हैं। ऐसे में यदि किसी के पास आपकी आवाज है, चाहे वह चार ही सेकेंड की क्यों न हो, उसके माध्यम से भी शातिर ठगी कर सकते हैं। आपको यही आभास होगा कि आपका कोई रिश्तेदार या दोस्त ही आपको फोन कर रहा हैं। इस तरह से भी आपकी आवाज को इस्तेमाल करके साइबर फ्रॉड को अंजाम दिया जा रहा हैं।
यही नहीं, विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफार्म से आपकी फोटो डाउनलोड करके लिप मूवमेंट के हिसाब से भी साइबर फ्रॉड किया जा रहा हैं। इस तरह से शातिर ठग किसी भी आवाज या फोटो को प्रयोग कर दुर्घटना, स्वास्थ्य संबंधी समस्या या अन्य कोई कारण बताकर लोगों से पैसे ऐंठने का काम कर रहे हैं। इस तरह के फ्रॉड से बचने के लिए सतर्कता बेहद जरूरी हैं। अगर आप खुद सतर्क रहेंगे तभी आप खुद को और अपने आसपास के लोगों को इस तरह के फ्रॉड से बचा सकते हैं।
