Mandi, dharamveer–आपदा की इस घड़ी में हिमाचल प्रदेश की राजनीति एक बार फिर गर्मा गई है। मंडी जिले में राहत व बचाव कार्यों की गति को लेकर मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू और पूर्व मुख्यमंत्री व नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है।
हाल ही में मंडी में आयोजित एक प्रेस वार्ता में जयराम ठाकुर ने आपदा प्रभावित क्षेत्रों में सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि उन्होंने मुख्यमंत्री से संपर्क करने की कई कोशिशें कीं, लेकिन 4 घंटे तक फोन नहीं मिला। अंततः लैंडलाइन के माध्यम से संपर्क करना पड़ा, जहां ऑपरेटर ने सीधा बात कराने से इनकार कर दिया। उन्होंने इसे बेहद दुखद अनुभव बताया, हालांकि फिलहाल इस विषय पर ज्यादा टिप्पणी करने से परहेज़ किया है।
जयराम ठाकुर ने मुख्यमंत्री को आपदा के इस समय राजनीति न करने की सलाह देते हुए थुनाग आने का न्योता दिया है। उन्होंने बताया कि अब उनकी मुख्यमंत्री से फोन पर बात हो चुकी है और उन्हें वस्तुस्थिति से पहले ही अवगत कराया गया था। उन्होंने कहा कि इस समय प्राथमिकता राहत एवं बचाव कार्यों की है, न कि राजनीतिक बयानबाजी की।
जयराम ठाकुर ने बताया कि वे कल थुनाग में विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक कर आपदा राहत कार्यों की समीक्षा करेंगे। उन्होंने आग्रह किया कि यदि मुख्यमंत्री सुक्खू भी इस बैठक में शामिल होते हैं, तो राहत कार्यों को और बेहतर तरीके से समन्वित किया जा सकता है।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री सुक्खू ने पूर्व मुख्यमंत्री के आरोपों को खारिज करते हुए उन्हें ‘झूठा’ करार दिया था, जिसके बाद यह विवाद और तेज हो गया है। अब देखना यह होगा कि सियासी मतभेदों को किनारे रख दोनों नेता मिलकर प्रदेशवासियों की मदद के लिए एकजुट हो पाते हैं या नहीं।
