कुल्लू : मनमिंद्र अरोड़ा – भुंतर में ब्यास नदी के किनारे बसे प्रवासियों को जिला प्रशासन ने हटाने की दिशा में कदमताल शुरू कर दी है। प्रवासियों ने ब्यास नदी के किनारे अवैध रूप से झुग्गी-झोपड़ी बना रखी हैं। इनमें करीब 250 से 300 प्रवासी डेेरा जमाए हुए हैं। कई बार प्रवासियों को हटाने की कोशिश हुई, लेकिन प्रवासियों ने कब्जा नहीं छोड़ा। अब प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए सभी प्रवासियों को नोटिस देकर जगह खाली करने के लिए कहा है।
9 मार्च तक इन प्रवासियों को जगह खाली करने के समय दिया गया है। अगर यह लोग झुग्गियों में डटे रहे तो 10 मार्च से पुलिस बल की मदद लेकर प्रशासन उन्हें खदेड़ देगा। प्रशासन जगह को खाली करवाकर फेसिंग करवाएगा। भुंतर में जिस जगह पर प्रवासी अवैध बस्ती बनाकर बैठे हैं, वह पार्वती और ब्यास नदी का संगम स्थल भी हैं।पार्वती और ब्यास नदी का संगम स्थल पर घाटी के देवी-देवता शाही स्नान के लिए आते हैं। मगर प्रवासियों की बस्ती बनने से संगम स्थल पर गंदगी फैल रही है, जिससे पवित्रता भी असर पड़ रहा है। इसके साथ झुग्गी बस्ती की सारी गंदगी भी ब्यास नदी में जा रही है। प्रवासी भुंतर के बैली ब्रिज से लेकर ट्रक यूनियन की तरफ ब्यास के किनारे बसे हुए हैं।
एसडीएम सदर कुल्लू विकास शुुक्ला का ये कहना
एसडीएम सदर कुल्लू विकास शुुक्ला का कहना कि भुंतर में प्रवासियों को जगह खाली करने के लिए नोटिस दिए गए हैं। दो मार्च से लाउडस्पीकर के माध्यम से उन्हें जगह खाली करने के लिए कहा जाएगा। नौ मार्च तक अगर जगह को खाली नहीं किया गया तो 10 मार्च को कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। पुलिस बल को साथ लेकर जगह को खाली करवाया जाएगा।जिला मुख्यालय में सरवरी बस अड्डे के समीप भी प्रवासियों ने एक अवैध बस्ती बना रखी है। करीब 10 बीघा से अधिक क्षेत्र पर सरवरी खड्ड के किनारे प्रवासियों ने कब्जा कर रखा है। यहां पर करीब 500 से अधिक प्रवासी रह रहे हैं।
