भावना,पालमपुर : किस तरह से कृषि में नई-नई तकनीक और विधियां आजमा कर किसान अपनी आय को बढ़ा सकते है यह गुर कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर ने आयोजित एकीकृत कृषि पर छह दिवसीय प्रशिक्षण शिविर ने लाहौल और कांगड़ा जिला की महिला कृषकों ने सीखें। रविवार को इस शिविर के समापन अवसर पर कुलपति प्रो एच.के.चौधरी ने मुख्य अतिथि के रूप में स्पीति (लाहौल और स्पीति) और बैजनाथ ब्लॉक के प्रत्येक 25 प्रशिक्षु कृषकों को संबोधित करते हुए इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि किसानों को उनके प्रशिक्षण और विश्वविद्यालय के पहले दौरे के दौरान बहुत कुछ प्राप्त हुआ है।
कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय किसानों का दूसरा घर है। उन्होंने कहा कि अन्नदाता कड़ी मेहनत करता है और मानवता का भरण पोषण करता है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि प्रशिक्षण के दौरान नए अर्जित कौशल से उन्हें अपनी कृषि आय बढ़ाने में मदद मिलेगी। उन्होंने कृषकों को प्रमाण पत्र भी वितरित किए।
कार्यक्रम में निदेशक विस्तार शिक्षा डॉ. वी के शर्मा ने बताया कि प्रशिक्षण एसजेवीएन फाउंडेशन की ओर से प्रायोजित किया गया था। निदेशक अनुसंधान डाक्टर एसपी दीक्षित और डाक्टर लव भूषण ने भी अपने विचार व्यक्त किए। इस दौरान स्पीति और बैजनाथ की कृषक महिलाओं ने भी प्रशिक्षण के बारे में अपनी प्रतिक्रिया साझा की।
