राकेश,ऊना: हिमाचल प्रदेश के सेवानिवृत्त कर्मचारी प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं। ऊना जिला में प्रदेश निगम सेवानिवृत्त कर्मचारी कल्याण संगठन ने बुधवार को ऊना में अहम बैठक हुई। इस बैठक में जिला भर के तमाम निगम सेवानिवृत्त कर्मचारियों की ओर से इकट्ठे होकर उन्हें आ रही समस्याओं के बारे में विचार विमर्श किया और आगे की रणनीति तैयार की।
उन्होंने कहा है की कांग्रेस सरकार ने सत्ता में आते ही व्यवस्था परिवर्तन का नारा दिया था लेकिन कांग्रेस सरकार का अपना छ माह का कार्यकाल पूरा होने जा रहा है व्यवस्था परिवर्तन तो नहीं दिख रही लेकिन सेवानिवृत्त कर्मचारियों का उत्पीड़न जरूर हो
रहा हैं। हमे जो पेंशन है वे समय पर नहीं मिल रही हैं। पेंशन दो माह के करीब की देरी से मिल रही है जिस कारण उन्हें अपने परिवार का पेट पालना तक मुश्किल हो गया हैं। उन्होंने कहा हमने इसके लिए उप मुख्यमंत्री से मिलने का समय मांगा जब हम वहां पर उनसे मिलने गए तो उनसे मुलाकात नहीं हो सकी।
इस दौरान उनके कई साथियों की वहां पर पॉकेट भी कट गई हैं। सेवानिवृत्त कर्मचारियों का कहना है उनके मेडिकल बिलों का भुगतान नहीं हो रहा हैं। सेवानिवृत्त कर्मचारी कई ऐसे हैं जिनका स्वर्गवास हो गया है लेकिन बिलों का भुगतान समय पर नहीं हो रहा हैं। उन्होंने कहा की इसके साथ साथ अन्य मांगों को लेकर वे सरकार से वार्तालाप करने का समय मांगते हैं ताकि सरकार को वह अपनी समस्याओं से अवगत करवा सकें और उनका हल हो सके।
उन्होंने कहा कि अगर सरकार उनकी मांगों पर गौर नहीं करती या उनसे मिलने का समय नहीं देती है तो इसको लेकर वह सड़कों पर भी उतरेंगे और सरकार के खिलाफ प्रदर्शन भी करेंगे जिसकी शुरुआत ऊना से होगी। उन्होंने उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री और मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से आग्रह किया है कि उन्हें वार्तालाप करने का समय दिया जाए और उनकी समस्याओं को ध्यान पूर्वक सुनकर उनका हल किया जाए।
