संजीव महाजन,नूरपुर: सेना में रहते हुए सैनिक ने पहले देश और देशवासियों की सेवा की वहीं अब सेवानिवृत्ति के बाद भी देश के भविष्य को सुधारने की दिशा में बेहतरीन काम कर रहे हैं जी हां हम बात कर रहे है नूरपुर की लोहारपुरा पंचायत के गांव देवभराडी में सेना से रिटायर सैनिक सुनील सिंह की। सुनील सिंह सेना से रिटायर होने के बाद अब बच्चों व युवाओं को बढ़ते नशे से दूर रखने के लिए व खेलों में उनकी रुचि बढ़े इसके लिए उन्हें कुश्ती की ट्रेनिंग दिलवा रहे हैं।
इतना ही नहीं बच्चे सही तरीके से कुश्ती सीख पाएं इसके लिए उन्होंने खुद के खर्चे पर कुश्ती का अखाड़ा बनाकर रोज उन्हें ट्रेनिंग देने के लिए अपने ही ख़र्चे पर कोच भी रखा है। उनके अखाड़े में तैयार हुए बच्चे व युवा कुश्ती प्रतियोगिता में जीत हासिल करके अखाड़े के साथ साथ गांव का नाम भी रोशन कर रहे है।
सुनील कुमार ने कहा कि वह फौज से सेवानिवृत्त हुए है। उन्होंने देखा कि जिस तरह नशे का प्रकोप हर जगह बढ़ रहा है। इस बढ़ते नशे की वजह से हमारी युवा पीढ़ी बर्बाद होती जा रही है, जिससे देश का भविष्य भी खतरे में है, ऐसे में उन्होंने बच्चों और युवाओं का ध्यान ज्यादा से ज्यादा खेलों की तरफ रहे और अन्य नशे जैसी बुरी लत से वह दूर रह सके इसके लिए उन्होंने बच्चों को कुश्ती की ट्रेनिंग देना शुरू किया है।
उन्होंने बताया कि हमारे यहां से कई बच्चे व युवा जिला स्तर व राज्य स्तर पर कुश्ती खेल कर मेडल भी जीतकर लेकर आए है। उन्होंने बताया कि यह सब कुछ वह अपने खुद के खर्चे से कर रहे हैं। उन्हें खुद के खर्चे से जहां बच्चों के लिए कुश्ती का अखाड़ा तैयार किया है तो वहीं कुश्ती की ट्रेनिंग के लिए बलविंदर सिंह जोनू को कोच के रूप में रखा है। जो बच्चों को कुश्ती सिखाते हैं।
ऐसे में अगर सरकार की तरफ से उन्हें खेल के समान को लेकर मदद मिल जाए तो वह यहां से राज्यस्तरीय खेलों के साथ ही राष्ट्रीय स्तर के खेलों में जीत हासिल करने वाले खिलाड़ियों को तैयार कर सकते है। वहीं खिलाड़ी मनजीत सिंह ने कहा कि मैंने कालेज की तरफ से इंटर कॉलेज टूर्नामेंट में भाग लिया था और 70 किलोग्राम वजन की कुश्ती में तीसरा स्थान हासिल किया है। उन्होंने बताया कि मेरा पहला मुकाबला मंडी, दूसरा बिलासपुर ओर तीसरा मुकाबला देहरी कालेज के खिलाड़ी के साथ था जिन्हें हराकर उन्होंने तीसरा स्थान हासिल किया है। उन्होंने सेवानिवृत्त सैनिक सुनील कुमार, अपने कोच बलविंदर सिंह जोनू का धन्यवाद करने के साथ ही कॉलेज प्रबंधन का भी धन्यवाद करता हूं, जिन्होंने मुझे खेलने का मौका दिया।
खिलाड़ी तारिश सिंह ने कहा कि वह सरकारी आर्य डिग्री कॉलेज के छात्र है। इन्होंने कॉलेज की तरफ से इंटर स्टेट टूर्नामेंट खेला है जिसमें उन्होंने ब्रांज मेडल जीता है। उन्होंने सेवानिवृत्त सैनिक सुनील कुमार,अपने कोच जोनू व कॉलेज प्रधानाचार्य का धन्यवाद किया जिसने हमें आगे बढ़ने का मौका दिया है ।
वहीं युवा अर्जुन सिंह ने कहा कि वह देवभराडी गांव का रहना वाले है और राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल में शिक्षा ग्रहण कर रहे है। उन्होंने बताया कि वह यहां अखाड़े में रोज प्रैक्टिस करने आता है। अभी कुछ समय पहले अर्जुन कक जिला स्तरीय टूर्नामेंट के लिए सिलेक्शन हुआ था और वह गोल्ड मैडल जीतकर आए हैं। इसके लिए उन्होंने सेवानिवृत्त सैनिक सुनील कुमार जिन्होंने युवाओं को कुश्ती की ट्रेनिंग दिलवाने का प्रावधान किया है। इसके साथ ही उन्होंने अपने कोच बलविंदर सिंह जोनू का धन्यवाद भी किया।
