हमीरपुर, अरविंद- :हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था को डिजिटल तकनीक से जोड़ने और शिक्षकों की कार्यक्षमता बढ़ाने के उद्देश्य से शिक्षा विभाग ने ‘द टीचर एप’ पर पंजीकरण प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस एप के माध्यम से प्रदेश के सभी सरकारी स्कूलों के शिक्षकों की डिजिटल प्रोफाइल तैयार की जाएगी, जिससे एक क्लिक पर उनकी शैक्षणिक और व्यावसायिक जानकारी उपलब्ध हो सकेगी।गूगल प्ले स्टोर पर यह एप सभी शिक्षकों के लिए निःशुल्क उपलब्ध है। शिक्षा विभाग की ओर से प्रदेश के सभी शिक्षकों और स्कूल प्रमुखों को एप पर पंजीकरण करने के साथ बेसलाइन सर्वे पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। गौरतलब है कि 22 अक्तूबर को शिमला में शिक्षा मंत्री की उपस्थिति में शिक्षा विभाग और भारती एयरटेल फाउंडेशन के बीच इस संबंध में समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए थे।
हमीरपुर जिला के नोडल अधिकारी एवं जिला विज्ञान पर्यवेक्षक राजेश गौतम ने बताया कि इस डिजिटल पहल से शिक्षकों की तकनीकी दक्षता, आधुनिक शिक्षण पद्धतियों और प्रशिक्षण संबंधी जरूरतों का आकलन किया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि शिक्षकों को एप पर अपना मोबाइल नंबर, नाम, पदनाम, जिला, ब्लॉक और स्कूल से संबंधित जानकारी दर्ज कर प्रोफाइल तैयार करनी होगी। इसके बाद बेसलाइन सर्वे जमा करना अनिवार्य होगा।उन्होंने बताया कि एप पर शिक्षकों के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और डिजिटल तकनीक से जुड़े कई प्रशिक्षण पाठ्यक्रम उपलब्ध करवाए जाएंगे। इनमें एआई समर्थ लेवल-1, एआई समर्थ लेवल-2 और एआई टूल्स इन टीचिंग किट्स प्रमुख हैं। इसके अतिरिक्त ऑनलाइन आकलन, वेबिनार और अन्य शैक्षणिक सामग्री भी उपलब्ध होगी।राजेश गौतम के अनुसार, शिक्षकों द्वारा दी गई जानकारी के आधार पर भविष्य में उनकी आवश्यकताओं के अनुरूप प्रशिक्षण कार्यक्रम तैयार किए जाएंगे। इससे शिक्षक नई तकनीकों का प्रभावी उपयोग कर कक्षा शिक्षण को अधिक रोचक, आधुनिक और प्रभावशाली बना सकेंगे।

