संजु चौधरी, शिमला: कल 14 मार्च से हिमाचल प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र शुरू हो रहा हैं। 6 अप्रैल तक चलने वाला यह बजट सत्र हंगामेदार रहने वाला हैं। प्रदेश सरकार का यह पहला बजट सत्र हैं ऐसे में विपक्ष की ओर से भी सरकार को घेरने की तैयारी भी पूरी कर ली गई हैं। बजट सत्र से पहले सोमवार को विधानसभा में अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया की ओर से सर्वदलीय बैठक बुलाई गई। इस सर्वदलीय बैठक में सत्र को सुचारू रूप से चलाने के लिए सतापक्ष और विपक्ष से आग्रह किया गया। उन्होंने दोनों ही पक्षों से यह अपील की हैं कि शांतिपूर्ण तरीके से सदन की इस कार्रवाई को पूरा किया जाए। दोनों ही पक्षों की ओर से सदन की कार्रवाई को शांतिपूर्ण तरीके से चलाने का आश्वासन दिया हैं।
बता दें कि सत्र से पहले ही सत्ता पक्ष एवं विपक्ष के बीच तलवारें खिंच गई है। पिछली सरकार की ओर से खोले संस्थानों को बंद करने को लेकर सत्ता पक्ष एवं विपक्ष आमने-सामने हैं, जिसकी गर्माहट सदन के अंदर भी देखने को मिलेगी। सर्वदलीय बैठक को लेकर विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि विपक्ष से सदन को शांतिपूर्ण तरीके से चलाने का आग्रह किया गया हैं। सदन में विपक्ष को बोलने का पूरा मौका दिया जाएगा और जो भी जनहित से जुड़े मुद्दे होंगे उनको लेकर चर्चा की जाएगी। अब देखते हैं कि सदन के अंदर विपक्ष का क्या रवैया रहता हैं। उन्होंने बताया कि अभी तक कुल 1 हजार प्रश्न सत्र के लिए पहुंच चुके हैं।
इस बैठक में संसदीय कार्य मंत्री हर्षवर्धन चौहान भी बैठक में मौजूद रहे। उन्होंने कहा की सदन को चलाने के लिए सरकार पूरी तरह तैयार हैं। विपक्ष जो भी सवाल पूछेगा सदन में उसका जबाब दिया जाएगा। उधर विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर ने विपक्ष की तरफ से अपने इरादे जाहिर करते हुए कहा कि सदन में सरकार से संस्थानों को बंद करने को लेकर जवाब मांगा जाएगा, साथ ही अन्य जनहित के मुद्दे उठाए जाएंगे। अब यह विधानसभा अध्यक्ष को तय करना है कि विपक्ष को मांग मुताबिक समय देना है या नहीं? सदन को चलाने में विपक्ष पुरा सहयोग देगा।
