संजीव महाजन,नूरपुर: प्रदेश में भारी बारिश के चलते पैदा हुए भयानक का हालातों के बीच फंसे हुए लोगों को बाहर निकालने में 14 वीं वाहिनी एनडीआरएफ की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई हैं। नूरपुर के कस्बा जसूर में सेनानी 14 वीं वाहिनी एनडीआरएफ कमांडेंट बलजिंदर सिंह ने एनडीआरएफ की ओर से चलाए गए बचाव अभियान के बताते हुए कहा कि एनडीआरएफ की टीम हर आपातकाल स्थिति से निपटने के लिए सक्षम हैं,जिसके लिए इन्हें अलग अलग संस्थानों में स्पैशल ट्रेनिंग भी दी गई और दी जा रही हैं।
उन्होंने बताया कि हमारी एनडीआरएफ की टीमों ने हाल ही कुछ दिन पहले भारी बारिश से पैदा हुए भयानक हालातों के बीच हिमाचल प्रदेश के अलग-अलग जिलों में रेस्क्यू करके कई लोगों की जान बचाई हैं। उन्होंने एनडीआरएफ की ओर से बचाव अभियान कार्यों की जानकारी देते हुए बताया कि 08 जुलाई को गांव काफनू के नजदीक कारा एरिया तहसील निचार जिला किन्नौर हिमाचल प्रदेश में नाले के पानी का अचानक जलस्तर बढ़ जाने के कारण भेड़ों के साथ फंसे लोगों को रेस्क्यू करने के लिए डी.सी किन्नौर हिमाचल प्रदेश की ओर से 09 जुलाई को2 रात 9:00 बजे एनडीआरएफ की टीम को सर्च एवं रेस्क्यू ऑपरेशन हेतु बुलाया गया परंतु NH -05 अवरुद्ध होने के कारण टीम की मूवमेंट नहीं करवाई जा सकी।
एनडीआरएफ की एक टीम इंस्पेक्टर प्रेम कुमार नेगी की अगुवाई में दिनांक 10 जुलाई को 9 बजे घटनास्थल के लिए तुरंत रवाना हो गई। उसके बाद टीम वाहन के माध्यम से वांगतू तक रवाना हुई एवं वांगतू से काफनू रोड ब्लॉक होने के कारण एनडीआरएफ,आईटीबीपी एवं होमगार्ड की एक संयुक्त टीम घटनास्थल के लिए पैदल रवाना हो गई और रात को माध्यमिक स्कूल काफनू में टीम द्वारा रात व्यतीत की गई।
वहीं 11 जुलाई को सुबह भारी बारिश होने के बावजूद टीम घटनास्थल के लिए सुबह 9 बजे रवाना हुई ओर टीम जब मोलिंग पहुंची तो उन्हें पुलिस कर्मी मिले जिन्होंने बताया कि मोलिंग से 5 से 6 किलोमीटर दूर एक नाले में पानी का स्तर बढ़ जाने के कारण कुछ व्यक्ति भेड़ों के साथ फंसे हुए हैं।
उसके उपरांत एनडीआरएफ की संयुक्त टीम तुरंत कुछ स्थानीय लोगों को साथ लेकर रेस्क्यू हेतु रवाना हो गई । वहां पर पहुंचने के बाद पता लगा कि नाले के पास ट्रैक्टर एवं स्थानीय व्यक्ति भेड़ों के साथ फंसे हुए हैं, जिनको रेस्क्यू करने के लिए टीम की ओर से एक स्थानीय व्यक्ति को नाला पार करवाया गया एवं उसे कहा गया कि नाले के पास फंसे लोगों को सुबह इसी स्थान पर एकत्रित करवा देना, उसके बाद टीम रात्रि विश्राम हेतु मोलिंग वापिस आ गई ।
वहीं जुलाई को टीम सुबह 8:30 बजे कारा एरिया में नाले के पास पहुंच गई और जहां पर एक महिला सहित 28 लोग थे जिसमें से टीम की ओर से 28 लोगों का रेस्क्यू किया जा चुका हैं।
उन्होंने बताया कि एनडीआरएफ के टीम कमांडर इंस्पेक्टर प्रेम नेगी की अगुवाई में टीम की ओर वे इस साहसपूर्वक एवं जोखिम भरे अतिकठिन ऑपरेशन को अंजाम दिया गया। इसके साथ ही उन्होंने सभी लोगों से यह अपील भी कि वह प्रशासन की ओर से जारी की गई एडवाइजरी को ध्यान में रखें अन्यथा ऐसा ना हो कि आप को मुसीबतों को सामना ना करना पड जाए ।
