राहुल चावला, धर्मशाला: एनीमिया मुक्त हिमाचल अभियान के तहत जिला कांगड़ा में 119 टीमें स्कूलों में जाकर 6 से 10 साल के बच्चों के हीमोग्लोबिन की जांच करेंगी। यह अभियान 4 अक्टूबर से 3 नवंबर तक यह अभियान चलेगा। जिला कांगड़ा में इस अभियान का आगाज पुलिस लाइन स्थित सरकारी स्कूल में डीसी कांगड़ा डॉ. निपुण जिंदल की ओर से किया गया।
सीएमओ जिला कांगड़ा डा. गुरदर्शन गुप्ता ने बताया कि एक अनुमान के अनुसार जिला कांगड़ा में 2.27 लाख बच्चे हैं, जिनमें से 6 से 10 साल आयु के बच्चों की संख्या 1.3 लाख है, जो कि प्राइमरी स्कूलों में हैं, जबकि 1.24 लाख बच्चे आंगनबाड़ी में रजिस्टर्ड हैं जिनकी हीमोग्लोबिन की जांच यह टीमें करेंगी।
उन्होंने बताया कि प्रदेश में कुपोषण की समस्या से निपटने के लिए मुख्यमंत्री ने नीति आयोग से चर्चा करके मुख्यमंत्री बाल सुपोषण योजना शुरू की है। अभियान में प्रारंभिक शिक्षा विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग का भी सहयोग लिया जा रहा है। अभियान के तहत 6 से 10 साल के बच्चों की जांच में यदि उनमें हिमोग्लोबिन कम पाया जाता है तो साथ-साथ उनका ट्रीटमेंट शुरू किया जाएगा और परिजनों की काउंसलिंग की जाएगी कि कुपोषण से कैसे बचा जा सकता है।
अभियान के तहत जांच उपरांत जिनमें हिमोग्लोबिन कम पाया जाएगा, उनकी 2 माह बाद फिर से जांच की जाएगी, यदि फिर भी उनमें वही समस्या रहती है तो उन्हें अस्पताल के साथ अटैच किया जाएगा।
