संजीव महाजन,नूरपुर: भाजपा प्रदेश कार्यसमिति की बैठक होने के बाद अब भाजपा की ओर जिला कार्यसमिति की बैठकें करवाई जा रही हैं। इसी कड़ी में नूरपुर भाजपा कार्यालय में भाजपा संगठनात्मक जिलाध्यक्ष रमेश राणा की अध्यक्षता में जिला कार्यसमिति की दो दिवसीय बैठक का समापन शुक्रवार को हुआ। इस बैठक में चंबा, कांगड़ा सहप्रभारी डॉ.राजीव भरद्वाज,पूर्व मंत्री राकेश पठानिया, संजय गुलेरिया प्रत्याशी ज्वाली,जिला महामंत्री राजेश काका व सतीश शर्मा ओर चारों मंडलों के मंडल अध्यक्ष व अन्य पदाधिकारी शामिल रहे। इस बैठक में कार्यसमिति ने आगामी आने वाले समय को ध्यान में रखते हुए भाजपा की रणनीति क्या होगी उस पर चर्चा की ।
भाजपा कार्यसमिति चंबा, कांगड़ा सहप्रभारी डॉ.राजीव भारद्वाज ने कहा कि जैसे ही हमारी राष्ट्रीय कार्य समिति की बैठक होती हैं। उसके ठीक सात दिन बाद प्रदेश कार्यकारिणी समिति ओर फिर सात दिन बाद जिला कार्यसमिति उसके बाद ठीक सात दिन बाद मंडल की बैठकें होती है अभी ऊना में हमारी प्रदेश कार्यसमिति की बैठक हुई थी उसके ठीक सात दिन बाद जिला नूरपुर की बैठक का आयोजन किया गया था। उन्होंने कहा कि चुनाव नतीजे आने के बाद यह हमारी पहली बैठक हैं। इसमें सब बातों पर चर्चा हुई हैं।
उन्होंने कहा कि इस बैठक का मुख्य मुद्दा इस बैठक में यह रहा कि नई सरकार सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में बनी हैं उस सरकार को बनते ही हमारे नेताओं ने शुभकामनाएं भी दी थी। हमने तय किया था कि जो जनता की तरफ से हमें जो दायित्व मिला है विपक्ष में बैठने का उसमें हम एक सार्थक विपक्ष की भूमिका निभाएंगे और सरकार को छह महीने या एक साल में सैटल होने ओर जनहित कार्य करने का समय देंगें। मगर बड़े दुख के साथ कहना पड़ रहा कि सरकार बनने के तीसरे दिन अभी कैबिनेट का गठन भी नहीं हुआ था की तीसरे दिन ही जो संस्थान जय राम भाजपा सरकार ने मंजूर किए थे,उन्हें बंद करने का जनविरोधी निर्णय लिया।
इस फैसले के विरोध में सात दिन के अंदर ही भाजपा कार्यकर्ताओं को सड़कों पर उतर कर सरकार के विरोध में एसडीएम के माध्यम से राज्यपाल को ज्ञापन देना पड़ा था। हमने अपने राजनीति कार्यकाल में ऐसी कोई सरकार नहीं देखी दूसरा आगे हम चल कर यहां यहां यह संस्थान बंद हुए हैं वहां पर हस्ताक्षर अभियान शुरू करेंगे। हम इस आन्दोलन को भारतीय जनता पार्टी का आंदोलन ना बनाकर एक जन आंदोलन बनाएंगे।
