संजु चौधरी, शिमला: हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने व्यवस्था परिवर्तन वाली सरकार को जमकर आड़े हाथों लिया हैं। हिमाचल प्रदेश में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में चल रही सरकार पर नेता प्रतिपक्ष ठाकुर ने राजनीति करने के आरोप लगाए हैं। पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि आपदा के बीच सत्तापक्ष ने राजनीति की शुरुवात की हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू केंद्र पर आरोप लगा रहे हैं और उनके पीछे छुटभैये नेता उनकी बात को दोहराने का काम कर रहे हैं।
जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश में इन दिनों अजीब स्थिति पैदा हो चुकी हैं। सरकार राहत देने में भेदभाव कर रही है और बार-बार केंद्र से मदद मिलने के बावजूद केंद्र पर मदद न देने का आरोप लगा रही हैं।
हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कैबिनेट मंत्री विक्रमादित्य सिंह और पूर्व स्वास्थ्य मंत्री कौल सिंह ठाकुर को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि वे कौल सिंह ठाकुर की मनोस्थिति को समझ सकते हैं। वे लगातार दूसरी बार चुनाव हारे हैं, ऐसे में इस तरह की बयानबाजी में लगे हुए हैं।
जयराम ठाकुर ने कहा कि कौल सिंह ठाकुर को तो अपने ही चेलों ने हरा दिया। ऐसे में वे इस तरह की बयानबाजी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कौल सिंह ठाकुर ने जो आरोप लगाए, वो निराधार हैं। रिपोर्ट में यह स्पष्ट हो चुका है कि मंडी के बाजार में जो लकड़ी बहकर आई, वह भारी बारिश की वजह से आई थी। इसमें अवैध कटान की कोई रिपोर्ट सामने नहीं आई हैं।
वहीं लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह पर पलटवार करते हुए उन्होंने कहा कि विक्रमादित्य सिंह कहीं की खीज, कहीं पर उतारने का काम कर रहे हैं। जयराम ठाकुर ने तंज कसते हुए कहा कि बड़े परिवार में होना कोई गलत बात नहीं, लेकिन छोटे परिवार के लोगों का भी सम्मान किया जाना चाहिए। जयराम ठाकुर ने कहा कि पहले उन्होंने यूनिफॉर्म सिविल कोड पर बयान दिया, जिससे पलटी मार दी। उन्होंने कहा कि अपने बयानों से पलटना ही उनकी पहचान हैं।
