Shimla,10 june — जिला शिमला में 26 जून को अंतर्राष्ट्रीय नशीले पदार्थों के दुरुपयोग और अवैध तस्करी विरोधी दिवस पर गेयटी थियेटर में विशेष जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। यह निर्णय उपायुक्त अनुपम कश्यप की अध्यक्षता में आयोजित एक विशेष बैठक में लिया गया।
उपायुक्त ने जानकारी दी कि आगामी 15 दिनों तक जिलेभर में नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इसके अंतर्गत विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों में नारा लेखन, भाषण, कविता, चित्रकला प्रतियोगिताएं, नुक्कड़ नाटक, मैराथन, संगोष्ठी और कार्यशालाएं आयोजित होंगी।
विश्वविद्यालयों और संस्थानों की भागीदारी
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय, शिमला के सामाजिक कार्य विभाग के साथ विशेष सेमिनार तथा हिमाचल प्रदेश नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी, घंडल में कार्यशाला आयोजित की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग द्वारा काउंसलिंग शिविर लगाए जाएंगे और फील्ड स्टाफ द्वारा लोगों को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया जाएगा।
नशा मुक्त भारत अभियान को मिलेगी मजबूती
उपायुक्त ने बताया कि नशा मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत भी कार्यक्रमों की श्रृंखला चलाई जाएगी। उन्होंने कहा कि जिला पुलिस ने नशे के खिलाफ प्रभावशाली कार्रवाई की है, परंतु आम नागरिकों की सहभागिता के बिना यह लड़ाई अधूरी है।
स्कूल और कॉलेज स्तर पर विशेष गतिविधियाँ
सभी स्कूलों में 20 जून तक भाषण, कविता लेखन और चित्रकला प्रतियोगिताएं होंगी। विजेताओं का चयन ब्लॉक और फिर जिला स्तर पर किया जाएगा। कॉलेजों में वाद-विवाद प्रतियोगिता और कार्यशालाएं आयोजित होंगी।
26 जून को गेयटी थियेटर में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में जिला स्तर के विजेताओं को पुरस्कार स्वरूप 5000, 3000 और 2000 रुपये की राशि दी जाएगी। प्रत्येक प्रतियोगिता में दो सांत्वना पुरस्कार भी प्रदान किए जाएंगे।
बैठक में मौजूद रहे
बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. यशपाल रांटा, जिला कार्यक्रम अधिकारी ममता पॉल, तहसील कल्याण अधिकारी सुरेंद्र बिम्टा, अधिवक्ता वीरेंद्र डोगरा (अध्यक्ष, एडिक्ट रेस्क्यू फाउंडेशन), दीपक सुंद्रियाल (ब्लैक ब्लैंक्ट) समेत अन्य अधिकारी एवं प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
