Shimla, Sanju (TSN) – मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में आयोजित हिमाचल मंत्रिमंडल की बैठक में कई बड़े प्रशासनिक और नीतिगत फैसले लिए गए। शिमला में भीड़ को कम करने के उद्देश्य से वाइल्ड लाइफ विंग को अब धर्मशाला शिफ्ट किया जाएगा। इसके अलावा, सरकार ने अनुबंध प्रथा को खत्म करते हुए अब दो साल की ट्रेनी व्यवस्था को मंजूरी दी है।
राजस्व कोर्ट होंगे ऑनलाइन, ट्रांसपेरेंसी को प्राथमिकता
कैबिनेट ने राज्य के सभी राजस्व न्यायालयों को ऑनलाइन करने की स्वीकृति दी है, जिससे आम लोगों को अपने मामलों की जानकारी घर बैठे मिल सकेगी। संसदीय कार्य मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने बताया कि सरकार पारदर्शिता को लेकर प्रतिबद्ध है और जनता को राहत पहुंचाने के लिए तकनीक का बेहतर उपयोग किया जा रहा है।
स्वास्थ्य और परिवहन क्षेत्र में बड़े फैसले
कैबिनेट ने 81 CMO कैजुअल्टी डॉक्टरों की नियुक्ति, सभी मेडिकल कॉलेजों में इमरजेंसी वार्ड की स्थापना, और नेरचौक व हमीरपुर मेडिकल कॉलेजों में कैथ लैब खोलने की मंजूरी दी है। साथ ही, घाटे में चल रहे एचआरटीसी रूट्स पर 18 सीटर टेंपो ट्रैवलर चलाने का फैसला भी लिया गया है।
विपक्ष की अफवाहों को नकारा, विधायक दल एकजुट: हर्ष वर्धन चौहान
सोशल मीडिया पर मंत्रियों की आपसी अनबन को लेकर उड़ रही अफवाहों पर विराम लगाते हुए हर्ष वर्धन चौहान ने स्पष्ट किया कि कैबिनेट बैठक में सभी मंत्री मौजूद थे और पूरा विधायक दल मुख्यमंत्री सुक्खू के साथ खड़ा है। उन्होंने कहा, “सरकार पूरी मजबूती से काम कर रही है और पांच साल का कार्यकाल पूरा करेगी।”
अन्य अहम निर्णय:
- पुलिस विभाग को दो वाटर कैनन व्हीकल
- फॉरेंसिक विभाग में 18 पदों की मंजूरी
- बिलासपुर AIIMS के विस्तार के लिए भूमि आवंटन
- सुन्नी को नगर पंचायत बनाए रखने का फैसला
- राज्य चयन आयोग को फीस तय करने की स्वायत्तता
- सात साल से सेवाएं दे रहे पार्ट टाइम वर्करों को 31 मार्च 2025 से दैनिक भोगी का दर्जा
हिमकेयर और आयुष्मान में पारदर्शिता पर जोर
पूर्व सरकार में स्वास्थ्य योजनाओं में हुए कथित फर्जीवाड़े को लेकर कैबिनेट ने विचार विमर्श किया और अब इन योजनाओं को पारदर्शी बनाने और गरीबों को प्राथमिकता देने की दिशा में योजना बनाई है।
