शिमला, 18 फरवरी-: हिमाचल प्रदेश भाजपा अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने राज्य सरकार पर केंद्रीय सहायता के उपयोग को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण में प्रस्तुत सरकारी रिपोर्ट के अनुसार चंबा, हमीरपुर, टांडा मेडिकल कॉलेज, चमियाना सुपर स्पेशलिटी अस्पताल और आईजीएमसी को विभिन्न मदों में आर्थिक सहायता प्राप्त हुई है, जबकि नाहन मेडिकल कॉलेज को लेकर प्रगति शून्य बताई गई है।
उन्होंने आरोप लगाया कि नाहन मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य पिछले सवा तीन वर्षों से ठप पड़ा है। उनके अनुसार 11 मंजिला भवन और 500 बिस्तरों वाला अस्पताल अब तक शुरू नहीं हो पाया है। साथ ही 50 बेड के माता-शिशु अस्पताल का कार्य भी लंबित है और नर्सिंग कॉलेज के लिए स्वीकृत राशि के उपयोग पर भी स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है।
भाजपा अध्यक्ष ने स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि प्रदेश में जांच दरें बढ़ी हैं, पर्ची शुल्क लागू है, दवाइयों और चिकित्सकों की कमी है तथा कुछ पीएचसी और सीएचसी बंद पड़े हैं। उन्होंने हिमकेयर और आयुष्मान योजना के क्रियान्वयन पर भी सवाल उठाए।सर्वदलीय बैठक के संदर्भ में उन्होंने कहा कि भाजपा प्रतिनिधिमंडल ने वित्त विभाग की प्रस्तुति सुनी, लेकिन जब पार्टी ने सरकारी रिपोर्ट के आधार पर सवाल उठाए तो बीच में हस्तक्षेप हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार पर दोष मढ़ने का प्रयास किया, जिसके विरोध में भाजपा ने वॉकआउट किया।भाजपा ने कहा कि पिछले लगभग 40 महीनों में केंद्र से मिली वित्तीय सहायता के बावजूद अपेक्षित विकास कार्य नजर नहीं आ रहे हैं और सरकार को इस पर जवाब देना चाहिए।
