Shimla, 29May-मंत्री विक्रमादित्य सिंह द्वारा पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर पर दिए गए बयान को लेकर भारतीय जनता युवा मोर्चा (बीजेवाईएम) के आईटी विभाग के प्रदेश संयोजक कर्तव्य ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने मंत्री सिंह के वक्तव्यों को “झूठ पर आधारित, असंवेदनशील और राजनीतिक गरिमा के विरुद्ध” करार दिया।
कर्तव्य ने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार में विक्रमादित्य सिंह की स्थिति हास्यास्पद रूप से सीमित हो गई है और संभवतः इसी कारण वे निराधार और भ्रामक बयानों के माध्यम से सुर्खियों में बने रहने की कोशिश कर रहे हैं।उन्होंने कहा कि जिस ‘कुल्लू प्रकरण’ का हवाला देकर विक्रमादित्य सिंह ने पूर्व मुख्यमंत्री को निशाना बनाया, उसमें तथ्यात्मक जानकारी एकत्र किए बिना बयान देना बेहद गैर-जिम्मेदाराना था। यह कोई सामान्य अराजकता नहीं, बल्कि एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी द्वारा मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री के काफिले को रोकने की कोशिश थी, जिसे सुरक्षा में गंभीर चूक और अनुशासनहीनता माना जाना चाहिए।
कर्तव्य ने विमल नेगी की संदिग्ध मृत्यु के मामले में भी विक्रमादित्य सिंह की भूमिका पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि शुरुआत में मंत्री ने सीबीआई जांच से इनकार किया और राज्य पुलिस की योग्यता पर जोर दिया, लेकिन जैसे ही उच्च न्यायालय ने मामला सीबीआई को सौंपा, मंत्री महोदय ने अपनी बात बदल ली और न्याय की बातें करने लगे। उन्होंने इसे “राजनीतिक अवसरवाद” और “सार्वजनिक भावनाओं का शोषण” बताया।कर्तव्य ने कहा कि जयराम ठाकुर के नेतृत्व में भाजपा सरकार ने पारदर्शिता और प्रशासनिक स्थिरता की मिसाल कायम की, जबकि वर्तमान कांग्रेस सरकार आंतरिक असंतोष और अव्यवस्था से जूझ रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंत्री विक्रमादित्य सिंह भी इस सरकार की विफलताओं से उत्पन्न हताशा में इस प्रकार की बयानबाज़ी कर रहे हैं।
