Dharamshala, 4 December-:मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज धर्मशाला स्थित क्षेत्रीय फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (आरएफएसएल, उत्तरी क्षेत्र) में आधुनिक डिजिटल फॉरेंसिक डिवीजन और उन्नत उपकरण प्रयोगशाला का उद्घाटन किया। यह नई सुविधा लगभग तीन करोड़ रुपये की लागत से विकसित की गई है और इसमें अत्याधुनिक तकनीक शामिल है, जिसके माध्यम से क्षतिग्रस्त मोबाइल फोन सहित विभिन्न डिजिटल उपकरणों से डेटा पुनर्प्राप्ति और विश्लेषण किया जा सकेगा।
इसके साथ ही लगभग 1.05 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित उन्नत उपकरण प्रयोगशाला भी शुरू की गई है। इन दोनों प्रयोगशालाओं में लगाए गए उच्च स्तरीय वैज्ञानिक उपकरणों की कुल कीमत लगभग 1.50 करोड़ रुपये है। अधिकारियों के अनुसार, ये नई सुविधाएँ उत्तरी हिमाचल में फॉरेंसिक अनुसंधान और जांच की गति, सटीकता और विश्वसनीयता को मजबूत करेंगी। विशेष रूप से उन मामलों में, जिनमें सात वर्ष या उससे अधिक की सजा का प्रावधान है, यह प्रयोगशाला अपराध स्थल से प्राप्त साक्ष्यों के संरक्षण और विश्लेषण की प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाएगी।इससे पहले, मुख्यमंत्री ने कांगड़ा जिले में जिला पंचायत संसाधन केंद्र (डीपीआरसी) के 3.92 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित नए भवन का उद्घाटन किया। उन्होंने जिला परिषद कांगड़ा के डीपीओ कर्मचारी आवास का शिलान्यास भी किया, जिस पर लगभग 2.26 करोड़ रुपये व्यय किए जाएंगे। इन भवनों का उद्देश्य पंचायत स्तर पर प्रशिक्षण, प्रशासनिक दक्षता और ग्रामीण विकास से संबंधित कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाना है।कार्यक्रम के दौरान ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह, विधायक सुरेश कुमार, मुख्य सचिव संजय गुप्ता तथा सचिव (ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज) सी. पॉलरासु भी उपस्थित रहे।
