संजु चौधरी, शिमला: प्रदेश की आर्थिक स्थिति और सरकार की ओर से दिए जा रहे कर्ज पर विपक्ष सत्ता पक्ष पर हावी होता नज़र आ रहा हैं। सरकार की ओर से लिए जा रहे कर्ज को लेकर भाजपा लगातार कांग्रेस पर हमलावर होती जा रही है और प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रही हैं। भाजपा आरोप लगा रही हैं कि मात्रा 2 महीने के कार्यकाल में ही कांग्रेस सरकार ने जरूरत से ज्यादा कर्ज ले लिया हैं। इसी मुद्दे पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने भी कांग्रेस सरकार पर हमला बोला हैं।
सुरेश कश्यप ने कहा कि हिमाचल की सरकार 2000 करोड़ रुपए का अतिरिक्त ऋण इस माह लेने जा रही हैं। अभी हिमाचल में कांग्रेस को सरकार को बने तीन महीने ही हुए हैं और इन्होंने दिसंबर में 1000 करोड़, जनवरी में 1500 करोड़ और अब फरवरी में 2000 करोड़ का लोन ले लिया हैं। कुल मिलाकर इस सरकार ने 4500 करोड़ का लोन ले भी लिया हैं। उन्होंने कहा कि अगर हर महीने यह सरकार 1500 करोड़ का ऋण ले रही है तो निश्चित रूप से 12 महीने में 18000 करोड़ का ऋण तो यह सरकार ले ही लेगी।
उन्होंने कहा की कांग्रेस 10 गारंटी देकर सत्ता में आई थी, पर उसमे से एक भी गारंटी पूरी होती नहीं दिखाई दे रही हैं। गुरुवार को कांग्रेस सरकार की दूसरी कैबिनेट की बैठक थी और जनता को इस कैबिनेट बैठक से बड़ी उम्मीदें थी। अगर देखा जाए तो कैबिनेट की बैठक में एक भी गारंटी पर चर्चा नहीं हो पाई, ना तो ओ पी एस की बात हुई और ना ही महिलाओं को 1500 प्रति माह देने की बात की गई। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि हल्ला तो काफी था पर कैबिनेट तो खोखली निकली।
सुरेश कश्यप ने कहा कि हिमाचल के लोग तो सरकार की ओर से गोबर खरीदने का इंतजार भी कर रहे है जिसका वादा कांग्रेस ने अपने मैनिफेस्टो में किया था। कश्यप ने कहा की युवाओं से इस कांग्रेस सरकार ने 5 लाख नौकरियों का वादा भी किया था, पर अभी इनकी सब समिति ने साल की 20 हजार नौकरियों की बात की हैं, यह भी युवाओं के साथ धोखा हैं।
वहीं बात 300 यूनिट बिजली मुफ्त देने की जाए, तो यह वादा भी पूरा होता नहीं दिखा दे रहा हैं क्योंकि बिजली बोर्ड भी बड़े घाटे में चल रहा है और जो 125 यूनिट भाजपा सरकार ने जनता को मुफ्त दिए थे उसमें भी प्रदेश सरकार ने कटौती की हैं। अगर देखा जाए तो बिजली बोर्ड को अपनी पेंशन सैलरी देने के लिए 180 करोड़ प्रति माह की राशि प्राप्त होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार यह बताएं कि हिमाचल प्रदेश श्रीलंका कब बन रहा है, जैसे कि इस सरकार के मुखिया ने कहा था कि हिमाचल में श्रीलंका जैसी परिस्थितियां होने वाली हैं। उन्होंने कहा कि आज तक भाजपा के कार्यकाल में ऐसी परिस्थितियां उत्पन्न नहीं हुई। अगर आप देखें तो प्रदेश में अधिकतम समय कांग्रेस की सरकार रही है और अगर अधिकतम ऋण किसी सरकार ने लिया है तो वह कांग्रेस की सरकार ने लिया हैं।
