Bilaspur, Subhash -जिला परियोजना अधिकारी कार्यालय के बाहर सोमवार को ठेकेदारों ने टेंडर प्रक्रिया में धांधली और भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए जोरदार विरोध प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। ठेकेदारों ने मांग की कि पूरी प्रक्रिया को रद्द कर नई तिथि पर दोबारा टेंडर जारी किए जाएं।
प्रेस को संबोधित करते हुए ठेकेदारों ने बताया कि टेंडर फॉर्म जमा कराने की अंतिम तिथि के दौरान कई अनियमितताएं सामने आईं। आरोप है कि कुछ ठेकेदार जब फॉर्म लेने पहुंचे तो उनके साथ धक्का-मुक्की और मारपीट तक की गई।एक ठेकेदार ने कहा कि उनके प्रतिनिधि करीब 3:30 बजे कार्यालय पहुंचे तो कंप्यूटर ऑपरेटर ने पहले फॉर्म लेने से मना कर दिया, बाद में आवेदन स्वीकार किए। वहीं सहायक परियोजना अधिकारी (APO) 2:00 बजे ही फॉर्म बांटकर जा चुकी थीं और शाम 5:00 बजे कांग्रेस पार्टी के कुछ लोगों के साथ वापस लौटीं, जिन्होंने पहले ही फॉर्म ले लिए थे। आरोप है कि इसी दौरान ठेकेदारों से धक्का-मुक्की भी की गई।
इसके अलावा यह भी कहा गया कि टेंडर फॉर्म जमा करने का समय सुबह 11:00 बजे तक तय था, लेकिन 11:03 और 11:04 बजे तक भी फॉर्म स्वीकार किए गए। ठेकेदारों का कहना है कि यह नियमों की खुली अवहेलना और भ्रष्टाचार का मामला है, जिसका लाभ ‘अपने लोगों’ को पहुंचाया जा रहा है।ठेकेदारों ने इस संबंध में जिला परियोजना अधिकारी से मुलाकात कर टेंडर प्रक्रिया को रद्द करने और नई तिथि घोषित करने की मांग की।
