बिलासपुर/ सुभाष -:विश्व प्रसिद्ध शक्तिपीठ श्री नैना देवी मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए जाने वाले चढ़ावे की गिनती पूरी पारदर्शिता और कड़ी निगरानी में की जाती है। अब प्रदेश सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुसार गिनती कक्ष में लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग 180 दिनों तक सुरक्षित रखी जाएगी। यह जानकारी उपायुक्त एवं श्री नैना देवी मंदिर न्यास के आयुक्त राहुल कुमार ने पत्रकार वार्ता के दौरान दी।
उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने बताया कि श्री नैना देवी मंदिर न्यास चढ़ावे की गिनती की पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और जवाबदेह बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि गिनती का कार्य सीसीटीवी कैमरों की निगरानी, वेबकास्टिंग और अधिकारियों की मौजूदगी में किया जाता है। सरकार की नई गाइडलाइन के अनुसार अब काउंटिंग रूम में लगे सभी कैमरों की रिकॉर्डिंग 180 दिनों तक सुरक्षित रखी जाएगी, जिससे आवश्यकता पड़ने पर किसी भी समय रिकॉर्ड की समीक्षा की जा सके।उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष मंदिर न्यास में आधुनिक कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम की शुरुआत की गई थी, जिसके माध्यम से मंदिर परिसर की प्रत्येक गतिविधि पर चौबीसों घंटे नजर रखी जाती है। चढ़ावे की गिनती की प्रक्रिया को मंदिर न्यास के अध्यक्ष एवं एसडीएम धर्मपाल तथा स्वयं उपायुक्त राहुल कुमार ऑनलाइन मॉनिटर करते हैं। इसके अलावा मंदिर अधिकारी और अकाउंट ऑफिसर की उपस्थिति में प्रतिदिन सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक गिनती का कार्य निर्धारित प्रक्रिया के तहत संपन्न कराया जाता है।
राहुल कुमार ने बताया कि काउंटिंग रूम में प्रवेश से पहले सभी कर्मचारियों और संबंधित अधिकारियों की सुरक्षा जांच की जाती है। उन्होंने कहा कि मंदिर न्यास ने सुरक्षा व्यवस्था और गिनती प्रक्रिया को और अधिक मजबूत बनाने के लिए व्यापक कार्य योजना तैयार की है। सरकार की ओर से जारी अधिकांश दिशानिर्देश पहले से ही श्री नैना देवी मंदिर में लागू किए जा चुके हैं, जबकि शेष व्यवस्थाओं को भी समयबद्ध तरीके से लागू किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि मंदिर न्यास का उद्देश्य श्रद्धालुओं के विश्वास को बनाए रखना और उन्हें बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है। पारदर्शी व्यवस्था के साथ-साथ सुरक्षा और प्रशासनिक निगरानी को भी लगातार मजबूत किया जा रहा है, ताकि मंदिर की सभी गतिविधियां सुचारु रूप से संचालित होती रहें।इस अवसर पर मंदिर अधिकारी चतर सिंह राणोत, अकाउंट ऑफिसर मनीष कुमार, मंदिर न्यासी प्रदीप शर्मा, महेश कुमार, प्रभात शर्मा तथा सहायक अभियंता सुनील शर्मा सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।
