राहुल चावला, धर्मशाला: नए साल का जश्न मनाने के लिए हिमाचल के पर्यटन स्थल इस बार पर्यटकों की पहली पसंद बन चुके हैं यही वजह है कि पहाड़ों की रानी शिमला के साथ ही पर्यटन नगरी मनाली और पर्यटन शहर धर्मशाला की होटल पूरी तरह से पैक चुके हैं। पर्यटकों का हजूम इन सभी पर्यटन स्थलों पर उमड़ा हैं। हालात यह है कि जो पर्यटक आज ही पर्यटन स्थलों पर पहुंच रहे हैं उन्हें ठहरने के लिए होटल तक भी नहीं मिल रहे हैं।
पर्यटकों ने भी धर्मशाला को अपनी आमद के साथ पैक कर दिया हैं। धर्मशाला की ग्लोबल सिटी मैक्लोडगंज और इसके साथ लगने वाले तमाम पर्यटन क्षेत्रों में इस वक़्त होटल पूरी तरह से पैक हो चुके हैं। आलम ये है कि अब बुकिंग के लिए भी मारामारी करनी पड़ रही हैं। धर्मशाला पहुंचने वाले तमाम पर्यटकों की पहली सैरगाह मैक्लोडगंज और इसके साथ के तमाम पर्यटन क्षेत्र जैसे कि नड्डी, सतोवरी, धर्मकोट, भागसूनाग और गलू बन रहे हैं।
शाम के वक़्त मैक्लोडगंज की सिक्वेर चौक पर्यटकों की सैरगाह की गवाह बनती नज़र आ रही हैं। यहां से पर्यटक पैदल आवाजाही करते हुए तिब्बतियन मार्केट से होते हुए दलाईलामा चौक तक भी जा रहे हैं। इस दौरान पर्यटकों ने मीडिया से बात करते हुए धर्मशाला आगमन के अपने अनुभव भी सांझा किए।
वहीं धर्मशाला में हजारों की संख्या में पहुंच रहे पर्यटकों के साथ-साथ यहां वाहनों की संख्या में भी ख़ूब इज़ाफ़ा हो रहा हैं। सड़कों पर घंटो का जाम लग रहा हैं, ऐसे में यातायात को सुचारू बनाने के लिए पुलिस भी कमर कस चुकी हैं। मैक्लोडगंज पुलिस स्टेशन के प्रभारी रिंकू सूर्यवंशी ने बताया कि हर तरह की स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस फोर्स का बंदोबस्त किया गया है, वो ख़ुद भी हर जगह पेट्रोलिंग कर रहे हैं। वहीं ट्रैफिक जाम न हो इसके लिये बाकायदा वन वे व्यवस्था का भी इंतजाम किया गया हैं।
5 हजार वाहनों की प्रतिदिन हो रही आवाजाही
मैक्लोडगंज में महज 25 सौ से 3 हज़ार वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था हैं, जबकि क्रिसमिस के बाद यहां 5 हज़ार से भी ज़्यादा वाहनों की आवाजाही आए दिन हो रही हैं जो कि जाम की स्थिति का कारण बन रही हैं। ऐसे में पुलिस प्रशासन ने धर्मशाला में पुलिस ग्राउंड को भी इस्तेमाल करने का निर्देश दिया हैं ताकि व्यवस्था को कंट्रोल किया जा सके।
