शिमला : चन्द्रिका – राजकीय संस्कृत महाविद्यालय फागली शिमला में दो दिवसीय सत्रारंभ सर्व शांति गायत्री अनुष्ठान यज्ञ का सफल आयोजन संपन्न हुआ । यज्ञ समापन के उपलक्ष्य पर महाधिवक्ता उच्च न्यायालय हिमाचल प्रदेश सरकार अनूप रत्न बतौर मुख्यातिथि उपस्थित रहे। यज्ञ में महाविद्यालय के 31 छात्रों ने गायत्री मंत्र का जाप किया ।
इस अवसर पर महाधिवक्ता उच्च न्यायालय हिमाचल प्रदेश सरकार अनूप रत्न ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि सनातन संस्कृति के व्यवहारिक संचार के लिए संस्कृत महाविद्यालय से बेहतर कोई संस्था नहीं हो सकती। हम सभी को सनातन संस्कृति केवल सिद्धांतों और पुस्तकों तक ही सीमित नहीं रखनी हमे इस व्यवहार रूप देकर और अपने जीवन जीने की पद्धति में उतार कर व समानता का भाव रखते हुए एक बेहतर नागरिक बनके समाज और राष्ट्र के सर्वांगीण विकास में योगदान करना चाहिए। इसके लिए संस्कृत महाविद्यालय इस तरह के कार्यक्रम करवाकर गुरुकुल पद्धति को जीवित रखते हुए एक आदर्श समाज का निर्माण करने में सक्षम भूमिका निभा सकते है।
