राहुल चावला, धर्मशाला: नगर निगम धर्मशाला में मनोनीत पार्षदों को सोमवार को पद ओर गोपनीयता की शपथ दिलवाई गई। एडीसी कांगड़ा सौरभ जस्सल ने मनी जौड़ा, निशा गुरंग, शैलेन्द्र आचार्य, सुनील बिक्रम खन्का, दीना नाथ को मनोनीत पार्षद के तौर पर शपथ दिलवाई। खास बात यह रही कि बीते लंबे समय से जो धर्मशाला के विधायक सुधीर शर्मा किसी भी गतिविधि में शामिल नहीं हो रहे थे वह भी इस शपथ ग्रहण समारोह में उपस्थित रहे।
बता दें कि 17 वार्डों वाली नगर निगम धर्मशाला के चुनाव 7 अप्रैल 2021 को हुए थे जिसमें भाजपा ने 17 में से 11 सीटें जीतकर बहुमत हासिल किया था, और मेयर और डिप्टी मेयर भी भाजपा ने ही बनाए गए थे। कांग्रेस इस रेस में बाहर हो गई थी। वहीं जो कांग्रेस के 6 पार्षद जीत कर निगम के सदन में पहुंचे थे उनमें से पांच सुधीर गुट से हटकर चुनाव लड़ रहे थे। ऐसे में सुधीर गुट के 12 उम्मीदवारों में से रजनी ब्यास के तौर पर महज़ एक ही सीट हासिल हुई थी।
आज जब दो साल बाद सत्ता परिवर्तन हो चुकी है और सुधीर धर्मशाला के विधायक बन चुके हैं तो उन्होंने आते ही व्यवस्था परिवर्तन का सबसे बड़ा खेल यहां खेल दिया हैं। उन्होंने जहां एक और मनोनीत पार्षदों के जरिए सदन में कांग्रेस को बहुमत में लाकर खड़ा कर दिया है तो वहीं पांच पार्षदों को उन्हीं वार्डों से चुन कर मनोनीत किया हैं जो कांग्रेस के जग्गी गुट से सीधी टक्कर में हैं। यानी पांच चुने गए पार्षदों के ही वार्डों से पांच मनोनीत पार्षद चुन लिए गए हैं।
सुधीर शर्मा ने कहा कि दो साल से मनोनीत पार्षदों की सीटें खाली थीं आज भर दी गई हैं। उन्होंने कहा कि अब नगर निगम धर्मशाला में हर कार्यों का रिव्यू करवाकर फिर से व्यवस्था को पटरी में लाया जाएगा।
