नालागढ़ :जगत सिंह – नालागढ़ में विभिन्न ट्रेड यूनियनों ने मिलकर कर्मचारी व किसान विरोधी फैसलों पर एक रोष रैली निकालकर केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया । यह रोष रैली नालागढ़ लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह से शुरू हुई जिसके बाद नालागढ़ बाजार से एसडीएम कार्यालय नालागढ़ के बाहर प्रदर्शन किया किया गया। युनियनों ने एसडीएम नालागढ़ दिव्यांशु सिंगल के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा।
केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर किया प्रदर्शन
यूनियनों ने केंद्र के किसान व कर्मचारी विरोधी फैसलों पर जमकर नारेबाजी की ।यूनियनों ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि मजदूरों के संघर्ष और कुरबानियों से बने 44 श्रम कानूनों को मजदूर विरोधी चार श्रम संहिताओं (लेबर कोड) में बदल दिया है जो कि बिल्कुल गलत है। उऩ्होंने कहा कि जो बदलाव किया जा रहा है वह पूंजीपतियों व उद्योगपतियों के पक्ष में है और सरकार द्वारा बनाए गए कोड से अब यूनियन बनाना मुश्किल हो जाएगा। इंटक जिला सोलन अध्यक्ष सतीश शर्मा ने कहा कि केंद्र सराकर आंगनबाड़ी, मिड डे मील, आशा, एनएचएम सहित 70 योजनाओं को बंद करने की पहली ही घोषणा कर चुकी है और बीएसएनएल को कमजोर करके अंबानी की जीओ और विदेशी कंपनियों की लूट का रास्ता साफ कर रही है।
यूनियनों ने श्रम कानूनों को खत्म करके बनाई गई चार श्रम संहिताओं को रद्द करने की मांग, किसानों को न्यूनतम सर्मथन मूल्य की सुविधा, महंगाई रोकने के लिए जरूरी कदम, बिजली बोर्ड व अन्य बोर्ड कर्मचारियों के लिए ओपीसी लागू करने की मांग उठाई। अॉल इंडिया ट्रेड यूनियन के सचिव नरेश घई ने कहा कि केंद्र सराकर की किसान व मजदूर विरोधी नीतियों को लेकर प्रदर्शन रैली निकाली गई जिसमें विभिन्न ट्रेड यूनियनों के पदाधिकारी ने हिस्सा लिया जिसके माध्यम से विरोधी नीतियों पर जमकर विरोध जताया गया। इस मौके पर सीटू के जिला उप-प्रधान दलजीत सिंह, इंटक जिला प्रधान श्याम ठाकुर, इंटक प्रदेश सचिव राजन गोयल समेत कई मौजूद रहे।
