अनिल कुमार,किन्नौर: किन्नौर जिला के उरणी समीप पहाड़ियों से अभी भी लगातार भूस्खलन हो रहा है। भूस्खलन का यह दौर मंगलवार को भी जारी रहा। पहाड़ों से लगातार हो रहे इस भूस्खलन से राष्ट्रीय उच्च मार्ग -5 अवरुद्ध हो गया हैं। तवहीं पहाड़ों से अभी भी पत्थरों के गिरने क़ा सिलसिला जारी हैं, ऐसे में प्रशासन ने लोगों को सावधानी पूर्वक सफ़र करने क़ा आग्रह किया हैं। प्रशासन की ओर से राष्ट्रीय उच्च मार्ग -5 को फिलहाल आवाजाही के लिए पूरी तरह बंद किया हैं, वाया उरणी से वाहनों को सड़क की सुविधा दी गई हैं, लेकिन इस सड़क पर वाहनों को पासिंग व लोगों को अपने गंत्वयों तक पहुंचने में कई घंटो का समय लग रहा हैं।
इस भूस्खलन में अब तक किसी के जानमाल का नुकसान नहीं हुआ हैं। उरणी समीप पहाड़ों से भूस्खलन के बाद अब गांव का एक हिस्सा खतरे की जद मे आने की कगार पर हैं। प्रशासन के अधिकारी दो दिनों से इस जगह का दौरा कर लोगों को इस जगह से दूर कर रहे हैं।
वहीं इस विषय में कार्यवाहक उपायुक्त सुरेंद्र सिंह राठौर ने कहा कि जब तक पहाड़ों से भूस्खलन रुक नहीं जाता तब तक तक लोगों को भूस्खलन वाले क्षेत्रों में जाने पर रोक लगाई हैं। जैसे ही भूस्खलन रुक जाता हैं उसके बाद ही राष्ट्रीय उच्च मार्ग -5 पर वाहनों की आवाजाही शुरू करने पर प्रशासन निर्णय लेगा।
किन्नौर जिला के उरणी समीप पहाड़ों से इससे पूर्व वर्ष 2013 से लेकर 2020 तक लगातार भूस्खलन हुआ था, जिसके बाद उरणी ढांक के निचली तरफ सड़क पूरी तरह टूट गई थी और वाया किल्बा से इस सड़क मार्ग को खोला गया था, लेकिन अब दोबारा से इस जगह के आसपास भूस्खलन शुरू हुआ हैं, जिसके चलते अब दोबारा से उरणी की पहाड़ियों से गिर रहे पत्थर चट्टान व मलबे से आसपास के क्षेत्र में खतरा बना हुआ हैं।
