राकेश, ऊना: लोगों के कल्याण के लिए समर्पित प्रदेश सरकार आपदा प्रभावित क्षेत्रों में पुनर्वास कार्य युद्धस्तर पर कर रही हैं। राहत एवं पुनर्वास कार्यों को तीव्र गति से चलाया जा रहा हैं। यह बात गुरुवार को उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने डीआरडीए सभागार में जिला राहत एवं पुनर्वास समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में हुई भारी बारिश, बाढ़ व भूस्खलन के कारण हुए नुकसान का आंकलन करने के लिए सभी जिलों में राहत पुनर्वास कार्यों की समीक्षा के लिए जिला स्तरीय राहत एवं पुनर्वास समितियों का गठन किया गया हैं। उन्होंने कहा कि प्रभावित लोगों के राहत एवं पुनर्वास के कार्यों को सभी अधिकारी आपसी तालमेल और तत्परता के साथ करेें ताकि लोगों को शीघ्र राहत प्रदान की जा सके।
उप मुख्यमंत्री ने जल शक्ति विभाग को निर्देश दिए कि वे पानी की गुणवत्ता युक्त आपूर्ति बनाए रखना सुनिश्चित करें ताकि लोगों को किसी भी प्रकार की समस्या का सामना न करना पडे़। इसके साथ ही उन्होंने अधिकारियों व कर्मचारियों को अपने मोबाईल फोन ऑन मोड पर रखने को कहा हैं। उन्होंने भारी बारिश के कारण स्वां नदी में आई बाढ़ के कारण जहां ननुकसान हुआ है उसकी वीडियोग्राफी करवानेके निर्देश भी जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि स्वां नदी एक धरोहर है और इसको होने वाले नुकसान से बचाने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि भारी मानसून के कारण जिला में 186.83 करोड़ रूपये के नुकसान का आंकलन किया गया हैं उन्होंने जिला में भारी बारिश से हुए नुकसान की विभागवार जानकारी ली ओर पुनर्निर्माण कार्यों की समीक्षा की। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदा की इस भीषण परिस्थितियों से निपटने के लिए प्रदेश सरकार की ओर से अपने संसाधनों से धन मुहैया करवाया जा रहा हैं।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने भी केंद्र सरकार से प्रदेश सरकार को हर संभव सहयोग देने का आग्रह किया हैं। मीटिंग के बाद गालूवाल और बडसला पुल का निरीक्षण भी उपमुख्यमंत्री ने किया। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारी भी उनके साथ मौजूद रहे।
