संजु चौधरी, शिमला: राजधानी शिमला के भट्टाकुफर फल मंडी पराला शिफ्ट नहीं होगी। बुधवार को बागवानी मंत्री जगत नेगी और पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह फल मंडी का निरीक्षण करने पहुंचे। उन्होंने मंडी के क्षतिग्रस्त हिस्से का निरीक्षण किया और मंडी के सुरक्षित हिस्से में ही कारोबार शुरू करने की बात कही और इसके लिए कमेटी का गठन भी किया जो 24 घंटे के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। इसके साथ ही आढ़तियों को किलो के हिसाब से ही सेब खरीदने की सख्त हिदायत दी। इस दौरण उन्होंने आढ़तियों बागवानों की समस्याओं को भी सुना।
इस दौरान पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने कहा कि यह मंडी सबसे पुरानी मंडी है और इसके साथ कई लोगों का रोजगार भी जुड़ा हुआ हैं, लेकिन कुछ लोगों की ओर से गलत स्थिति बताकर इसे शिफ्ट करने की बात कही जा रही है लेकिन यह मंडी यहां से शिफ्ट नहीं होगी। इस मंडी का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हुआ है लेकिन दूसरा हिस्सा पूरी तरह से सुरक्षित हैं। वहां पर कारोबार किया जाएगा। इसके लिए एक कमेटी का गठन भी किया है जोकि 24 घंटे में अपनी रिपोर्ट सौंपेगी ओर वहीं पर सेब का कारोबार होगा।
उन्होंने कहा कि इस मंडी के ऊपर से मलबा गिरा है और एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया हैं। सरकार इसके लिए गभीर हैं। यहां पर सभी लोगों की सुरक्षा की जिम्मेवारी भी सरकार की हैं, ऐसे में पूरी ऐहतियात बरती जाएगी। वहीं उन्होंने कहा कि सेब किलो के हिसाब से बेचने का फैसला सरकार ने किया है और किलो के हिसाब से सेब बिकेगा। कुछ लोग बागवानों को उकसाने का काम कर रहे है लेकिन कोई भी इसका उल्लंघन करता है तो उन्हें बक्शा नहीं जाएगा।
वहीं बागवानी मंत्री जगत नेगी ने कहा कि मंडी के ऊपर मलबा गिरने से इस फल मंडी को असुरक्षित घोषित किया गया है और इसके लिए एक कमेटी बनाई गई है जो इस पर काम करेगी और अपनी रिपोर्ट देगी। उन्होंने कहा कि देश में किलो के हिसाब से ही सामान बेचने खरीदने के लिए कानून बना है और उसी हिसाब से ही सेब बेचे जाएंगे यदि कोई उल्लंघन करता है तो उन पर कार्रवाई की जाएगी।
