राहुल चावला, धर्मशाला: प्रदेश पुलिस की नार्थन रेंज धर्मशाला के तहत आने वाले जिलों में पिछले छह माह में 300 से अधिक मामले नारकोटिक्स के रजिस्टर किए हैं, जिनमें मुख्यत: चि+ट्टे के केस हैं। पिछले वर्ष के मुकाबले इस वर्ष के केस 50 फीसदी अधिक हैं। पिछले वर्ष छह माह में करीब 200 केस रजिस्टर हुए थे, जबकि इस वर्ष 300 से अधिक केस रजिस्टर हो चुके हैं। डीआईजी नार्थन रेंज अभिषेक दुलर ने बताया कि पिछले वर्ष छह माह में 750 ग्राम चि+ट्टा पकड़ा गया था, लेकिन 4 किलो 200 ग्राम हो गया हैं।
20 से 30 साल उम्र के युवा इस कारोबार में संलिप्त रहते हैं। चि+ट्टे के मामले में ज्यादातर बरामदगी नूरपुर एरिया से हुई हैं। इसके अलावा चंबा, ऊना और कांगड़ा से भी चि+ट्टा बरामदगी के मामले हैं। डीआईजी ने बताया कि लोगों की ओर से जो सूचनाएं दी जाती हैं, उनके आधार पर भी कार्रवाई की जाती हैं। चि+ट्टे का यूज बढ़ रहा है, यह अलार्मिंग स्टेट हैं। हमारा प्रयास है कि चि+ट्टे का कारोबार करने वालों को पकड़ा जाए और सजा के अलावा उनकी जो संपत्तियां हैं, उन्हें भी सीज किया जाए। पिछले तीन साल में 10 करोड़ रुपये की संपत्ति न+शा कारोबारियों की फ्रीज की गई हैं।
जहां न+शे को ज्यादा बेचने का काम न+शा सौदागरों की ओर से किया जाता है, पुलिस की ओर से उन एरिया पर फोकस किया जा रहा है। ऐसे एरिया को चिन्हित करके पुलिस की ओर से ऐसे एरिया पर कार्रवाई को अपना टारगेट बनाया जाता हैं।
