सोलन:योगेश शर्मा (TSN)-माता शुलिनी मंदिर में पिछले 107 दिनों से मंदिर के गर्भ ग्रह के जीर्णोद्धार का कार्य चला हुआ है, जिस कारण माता अपने गर्भ गृह से बाहर है। वहीं अब पांचवीं बार माता को गर्भ गृह में स्थापित करने के लिए मुहूर्त निकाला गया है इसको लेकर कहीं ना कहीं माता के कारगर भी नाराज दिखाई दे रहे हैं। उनका कहना है कि लगातार मुहूर्त में बदलाव किया जा रहा है जो कि अच्छा नहीं है।
माता शुलिनी के कारगार शेर सिंह ठाकुर ने कहा कि प्रशासन ने यहां पर 26 मार्च की रात तक जीर्णोद्धार का कार्य पूरा करने की बात कही थी लेकिन दो-तीन दिन का समय अभी और लगेगा ऐसे में अब 31 मार्च का समय मंदिर के अनुष्ठान को लेकर निकाला गया है जिसके बाद माता को मंदिर के गर्भ गृह में स्थापित कर दिया जाएगा। यह अनुष्ठान 31 मार्च से 5 अप्रैल तक मंदिर में चलेगा।उन्होंने कहा कि हमारी संस्कृति के अनुसार ही हमें चलना होता है लेकिन जिस तरह से मुहूर्त में बदलाव किया जा रहा है वह सही नहीं है. हालांकि प्रशासन यहां पर जल्द से जल्द कार्य पूरा करने की कोशिश कर रहा है। उनका कहना है कि माता शुलिनी बघाट रियासत की देवी है और 22 गांव की कुलदेवी है ऐसे में लोगों के अटूट आस्था इस मंदिर में है। उन्होंने कहा कि सभी लोग माता शुलिनी के गर्भ गृह में स्थापित होने का इंतजार कर रहे है।
