नाहन : देवेंद्र कुमार -भाजपा सांसद सुरेश कश्यप ने प्रदेश सरकार पर जुबानी ह+मला किया है । कश्यप ने कहा है कि व्यवस्था परिवर्तन का दावा करने वाली कांग्रेस सरकार विकास के नाम पर एक नई ईंट प्रदेश में नहीं लगा पाई है । सुरेश कश्यप नाहन में नेहरू युवा केंद्र द्वारा आयोजित जिला स्तरीय युवा उत्सव में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे हुए थे।
6 महीने में विकास के नाम पर नही लगी एक भी
ईंट
युवा उत्सव में सिरमौर जिला के अलग-अलग हिस्सों से बड़ी संख्या में सांस्कृतिक दलों ने हिस्सा लेकर अपनी प्रस्तुतियां दी । प्रतिभागियों के लिए पेंटिंग व भाषण प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया था। सुरेश कश्यप ने कहा कि बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि 6 माह का कार्यकाल बीत जाने के बावजूद भी विकास का कोई एक कार्य प्रदेश की सरकार शुरू नहीं कर पाई है ।सुरेश कश्यप ने कहा कि जनता का ध्यान भटकाने के लिए केंद्र सरकार पर आरोप लगाने काम प्रदेश के मुख्यमंत्री व मंत्री कर रहे है। सुरेश कश्यप ने कहा कि हर तीसरे दिन प्रदेश के मंत्री व खुद मुख्यमंत्री बुके देकर केंद्र में खड़े होते है तो फिर क्यों केंद्र से ग्रांट लेकर नही आ रहे है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेता व मंत्री केंद्र सरकार द्वारा ग्रांट कम करने की बात कह रहे हैं, जो सही नहीं है । नियमों के आधार पर सभी राज्यों को समान रूप से ग्रांट दी जा रही है।
आर्थिक बदहाली का रोना रो रही राज्य सरकार
सुरेश कश्यप ने कहा कि कांग्रेस की यूपीए सरकार के समय में हिमाचल प्रदेश स्पेशल कैटगरी स्टेट की सूची से हटा दिया गया था जिसे मोदी सरकार ने बहाल कर दिया। उन्होंने कहा कि पूर्व में भाजपा की अटल बिहारी सरकार ने हिमाचल प्रदेश को इंडस्ट्रियल पैकेज दिया था जिसकी कांग्रेस ने अवधी घटा दी । उन्होंने कहा कि आज भी हिमाचल प्रदेश में केंद्र सरकार के सहयोग से कई प्रोजेक्ट चल रहे हैं, जिस पर करोड़ों रुपए के बजट खर्च किए जा रहे हैं ।पिछले 6 माह में भी करोड़ों का बजट इन योजनाओं पर खर्च किया गया है । उन्होंने कहा कि झूठी गारंटीयां देकर सता में पहुंची कांग्रेस अब बजट का रोना रो रही है और कांग्रेस को गारंटी देने से पहले यह सब सोचना चाहिए था । उन्होंने कहा कि 6 महीने में एक भी गारंटी कांग्रेस की पूरी नहीं हुई है ।
चंबा प्रकरण को लेकर सरकार अपना रही ढुलमुल रवैया
4 चंबा हत्या कांड प्रकरण पर पूछे गए एक सवाल के जवाब में सांसद ने कहा कि चंबा में सामने आई घटना यह दर्शाती है कि कानून व्यवस्था चरमरा गई है । इस मामले को लेकर ढुलमुल रवैया अपनाया जा रहा है । उन्होंने कहा कि सरकार को इस प्रकरण को गंभीरता से लेना चाहिए और दोषी को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए । देव भूमि हिमाचल प्रदेश में इस तरीके की घटना घटित होना बेहद शर्मनाक है।
