राहुल चावला, मैक्लोडगंज: बौद्ध धर्म के प्रमुख जिन्हें दुनिया बौद्धों के सबसे बड़े गुरु के तौर पर देखती और जानती हैं, जिन्हें दुनियाभर में 14वें दलाईलामा के तौर पर पर जाना जाता है, वो इस साल के 6 जुलाई को अपना 89वां जन्मदिवस मनाने जा रहे हैं। उनके जन्मदिवस से ठीक कुछ महीने पहले ही देश-विदेश में रहने वाले उनके लाखों अनुयायी उनके उत्तम स्वास्थ्य और लंबी उम्र की कामना के लिए बहुत बड़ी प्रार्थना सभा का आयोजन कर रहे हैं। यह आयोजन धर्मशाला की ग्लोबल सिटी मैक्लोडगंज में हो रहा हैं। बाकायदा मैकलोड़गंज स्थित दलाईलामा मंदिर में इसके लिए देश और दुनियाभर से कई अनुयायी पहुंच भी चुके हैं और इस सभा में अपनी भागीदारी सुनिश्चित कर रहे हैं।
दलाईलामा की लंबी उम्र के लिए बुधवार को हजारों अनुयायियों ने दलाईलामा मंदिर में एकजुट होकर पूजा-अर्चना की और दलाईलामा की लंबी उम्र की कामना के साथ घटों मंदिर में प्रार्थना की गई। इसके लिए बाकायदा बौद्ध धर्म के शास्त्रों और रिती-रिवाजों के मुताबिक प्रार्थनाएं की गईं जिसमें दुनिया के ज्यादातर देशों से जो कि दलाईलामा और बौद्ध धर्म में गहरी आस्था रखते हैं उन्होंने शिरकत की। काफी देर तक दलाईलामा दीर्घायु हो इसके लिए विधि-विधान के साथ पूजा-प्रार्थना की गई। इस दौरान रूस से पहुंची दलाईलामा की अनुयायी जूलिया ने कहा कि आज का दिन उनके लिए बहुत विशेष हैं जो वो अपने परम पूजनीय दलाईलामा की लंबी आयु के लिए यहां आयोजित प्रार्थना सभा में शिरकत कर पा रही हैं।
उन्होंने कहा कि दलाईलामा विश्व शांति की बात करते हैं और वो बहुत ही नेक आध्यात्मिक गुरु हैं। उनकी आयु लंबी हो उनकी यही कामना हैं। वहीं तेंजिन नाम के एक लामा ने बताया कि आज देश-दुनिया के कई हिस्सों से दलाईलामा की लंबी उम्र की कामना के लिए इस प्रार्थना सभा में पहुंचे हैं और वो जो प्रार्थना करेंगे इससे निश्चित तौर पर दलाईलामा की जीवन में उत्तम स्वास्थ्य और लंबी उम्र की प्राप्ति होगी।
