हमीरपुर,अरविन्द सिंह(TSN)-सुजानपुर के पूर्व विधायक राजेंद्र राणा ने मुख्यमंत्री पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाते हुए प्रदेश की जनता के समक्ष गंभीर सवाल खड़े किए हैं।आज यहां जारी एक बयान में राजेंद्र राणा ने कहा कि एक तरफ मुख्यमंत्री प्रदेश में आर्थिक संकट का हवाला देकर जनता को कठिनाइयों का संदेश दे रहे हैं,वहीं दूसरी ओर वे ‘फाइव स्टार’ संस्कृति को खुद बढ़ावा दे रहे हैं, जो प्रदेश के मुखिया होने के नाते उन्हें शोभा नहीं देता।
राजेंद्र राणा ने कहा कि मुख्यमंत्री चंडीगढ़ स्थित हिमाचल भवन के सीएम सुइट का उपयोग करने की बजाय बार-बार ‘फाइव स्टार’होटलों में ठहरना पसंद करते हैं।उन्होंने आरोप लगाया कि हाल ही में दिल्ली से चंडीगढ़ लौटने के बाद मुख्यमंत्री ने सरकारी हेलीपैड से सीधे निजी वाहन का उपयोग किया और दो अलग-अलग ‘फाइव स्टार’ होटलों का दौरा किया, जिनमें से एक होटल’हयात’ में उन्होंने रात बिताई।
राजेंद्र राणा ने सवाल उठाया कि मुख्यमंत्री के’फाइव स्टार’ होटलों में रुकने का खर्च कौन वहन करता है।उन्होंने कहा, “यदि यह बिल सरकारी खजाने से अदा किया जा रहा है, तो यह जनता के धन का दुरुपयोग है।यदि कोई अन्य व्यक्ति मुख्यमंत्री के ठहराव का खर्च वहन करता है, तो यह जानना प्रदेश की जनता का अधिकार है कि इसके पीछे क्या मंशा है।”उन्होंने आरोप लगाया कि जब वे और आठ अन्य विधायक सरकार के दमन चक्र से बचने के लिए मजबूरी में ‘फाइव स्टार’ होटल में ठहरे थे, तब मुख्यमंत्री ने जांच के आदेश दिए और उनके पीछे पुलिस लगा दी थी। लेकिन अब मुख्यमंत्री की ‘फाइव स्टार’ ठहराव की आदत पर चुप्पी क्यों है?
राजेंद्र राणा ने केंद्रीय प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा शिकंजे में लिए गए खनन माफिया सरगना ज्ञानचंद ज्ञानू के मुख्यमंत्री के साथ कथित संबंधों पर भी सवाल उठाए। राणा ने कहा कि ज्ञानचंद ज्ञानू मुख्यमंत्री की कार में सफर करता रहा है, लेकिन मुख्यमंत्री इस मुद्दे पर अपनी स्थिति स्पष्ट नहीं कर रहे। उन्होंने कहा,”प्रदेश की जनता यह जानना चाहती है कि मुख्यमंत्री और ज्ञानचंद ज्ञानू के बीच किस प्रकार का रिश्ता रहा है और इन संबंधों के पीछे क्या वजह है।”राणा ने कहा कि प्रदेश की जनता इन सवालों का जवाब चाहती है।उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का यह व्यवहार यह साबित करता है कि आर्थिक संकट का राग केवल जनता को भ्रमित करने के लिए अलापा जा रहा है,जबकि हकीकत में फाइव स्टार लाइफस्टाइल और खनन माफिया से संबंधों को छिपाया जा रहा है।राजेंद्र राणा ने इन मुद्दों पर मुख्यमंत्री से सार्वजनिक स्पष्टीकरण की मांग की और कहा कि यदि ये सवाल अनुत्तरित रहे तो जनता में विश्वास का संकट गहराएगा।
