संजीव महाजन,नूरपुर: प्रदेश में पशुओं में फैली लंबी महामारी एक विकराल रूप धारण करती जा रही है। पालतू पशुओं के साथ-साथ आवारा पशु भी इस महामारी की चपेट में आ रहे है। घर में जो पशु पालतू है उनका इलाज तो फिर भी पशुपालक किसी ना किसी तरह से करवा रहे हैं,लेकिन सड़कों पर जो आवारा और बेसहारा पशु घूम रहे हैं उनकी हालत इस महामारी की वजह से ज्यादा बिगड़ी हुई है। जगह-जगह इस तरह के मामले प्रदेश में देखने के लिए मिल रहे हैं जहां सड़कों पर छोड़ी गई बेसहारा गाय इस महामारी की वजह से तड़फने के लिए मजबूर है।
ऐसा ही एक मामला नूरपुर ब्लाक की सुलयाली पंचायत से भी आया है। यहां पीडब्ल्यूडी विश्राम गृह के पास एक बेसहारा गाय बिमारी ग्रस्त बैठी हुई थी जिसे आवारा कुत्तों ने जिंदा होने के वावजूद नोचना शुरू कर दिया है । इससे पहले भी गांव में कई पालतू व आवारा पशु इस बिमारी से मर चुके है। ऐसे में सरकार की ओर से गंभीरता ना दिखाने को लेकर यहां पंचायत वासियों में भी रोष व्याप्त है।
ग्रामीणों का कहना है कि पिछले कल ही भाजपा का एक कार्यक्रम यहां पर हुआ जिसमें सांसद, मंत्री और हजारों की संख्या में कार्यकर्ता पहुंचे लेकिन इस गाय माता का दुख दर्द ना तो किसे ने समझा और ना ही किसी ने इस बारे में कोई बात की हालांकि अर्पण चावला ओर उसके कुछ युवा साथी यहां पहुंचे तो उन्होंने गाय को दवाई ओर पशु चिकित्सालय के कर्मचारी से इंजेक्शन लगवाया है।
गांव से फ़ौजी योगेश ने कहा कि सुलयाली पीर बाबा चौक पर आवारा गाय बुरी तरह से लंपी बिमारी ग्रस्त है। यह गाय लोगों ने आवारा छोड़ रखी है। यहां बहुत से पशु इस बिमारी से ग्रस्त है लेकिन सरकार सब कुछ कर रही है पर इन बिमारी ग्रस्त पशुओं के लिए कुछ भी नहीं कर रही है। उन्होंने सरकार से अपील है कि इन बिमारी ग्रस्त पशुओं के लिए भी सरकार गंभीरता दिखाए । आज गांव के कुछ लोगों ने इस गाय की सेवा की है ओर यहां लोकल पशु चिकित्सालय के कर्मचारी ने भी इसे इंजेक्शन लगाया है ।
