Hamirpur, 11 June-भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व विधायक राजेंद्र राणा ने प्रदेश सरकार के ढाई वर्ष के कार्यकाल को पूरी तरह निराशाजनक और जनविरोधी करार दिया है। बुधवार को पार्टी कार्यालय में आयोजित एक पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि यह कार्यकाल राज्य के इतिहास में ‘काले अध्याय’ के रूप में दर्ज किया जाएगा।
राणा ने आरोप लगाया कि प्रदेश का कोई भी वर्ग सरकार की नीतियों से संतुष्ट नहीं है — चाहे वह कर्मचारी हो, बेरोजगार युवा हों, महिलाएं हों या फिर व्यापारी वर्ग। उन्होंने कहा, “आज प्रदेश की जनता इस सरकार से पूरी तरह ऊब चुकी है और इसके जाने का इंतजार कर रही है।”राजेंद्र राणा ने कहा कि कांग्रेस सरकार के भीतर भारी असंतोष है, और हाल ही में कांग्रेस नेताओं की दिल्ली में हाईकमान से लगातार हो रही मुलाकातें इस बात का संकेत हैं कि हिमाचल की राजनीति में कोई बड़ा घटनाक्रम संभव है।
- ढाई-ढाई वर्ष के फॉर्मूले पर तंज: मुख्यमंत्री चयन के समय ‘ढाई-ढाई वर्ष’ के फार्मूले की चर्चा को याद दिलाते हुए राणा ने कहा कि कांग्रेस के भीतर मतभेद अब सतह पर हैं।
- जनता का मोहभंग: उन्होंने कहा कि मौजूदा कार्यकाल में केवल मुख्यमंत्री के करीबी लोगों को फायदा मिला, जबकि आम जनता को सिर्फ धोखा और समस्याएं मिलीं।
- झूठी गारंटियों पर निशाना: राणा ने कहा, “सरकार बनने से पहले 10 गारंटियों की झड़ी लगाई गई थी, लेकिन एक भी गारंटी पर अमल नहीं हुआ। आज सब कुछ हाशिये पर है।”
- मुख्यमंत्री के “बटुआ खाली” बयान पर कटाक्ष: उन्होंने कहा, “जब झूठे वादे किए जा रहे थे, तब मुख्यमंत्री को अपने ‘भटूरे’ की तरफ भी देखना चाहिए था।”
राजेंद्र राणा का दावा:
अगर आज चुनाव हो जाएं, तो कांग्रेस का पूरी तरह से सफाया हो जाएगा और भाजपा भारी बहुमत से सरकार बनाएगी।”
