Mandi, Dharamveer-मंडी जिले की जोगिंदरनगर अदालत ने बैंक लोन के चेक बाउंस मामले में कड़ा फैसला सुनाते हुए एक महिला को एक साल की साधारण कैद और ₹1,30,000 के जुर्माने की सजा सुनाई है। यह मामला भारतीय स्टेट बैंक की गुम्मा शाखा से जुड़ा है, जहां रंजना कुमारी पत्नी संजय कुमार, निवासी गांव गुम्मा, तहसील जोगिंदरनगर ने लोन लिया था।
नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट एक्ट के तहत दोषी ठहराई गई महिला
लोन चुकाने के लिए रंजना ने 17 जुलाई 2019 को ₹95,000 का चेक बैंक को दिया, जो खाते में राशि न होने के चलते बाउंस हो गया। बैंक की ओर से नोटिस दिए जाने के बावजूद रंजना ने न तो भुगतान किया और न ही कोई जवाब दिया। इसके बाद बैंक की तरफ से अधिवक्ता महेश चोपड़ा ने अदालत में मामला दायर किया।मामले की सुनवाई के दौरान बैंक के वकील और उनके सहायक ने सभी आवश्यक दस्तावेज व गवाहियां अदालत के समक्ष प्रस्तुत कीं। प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी मेघा शर्मा की अदालत ने साक्ष्यों को सही मानते हुए रंजना को नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट एक्ट की धारा 138/142 के तहत दोषी करार दिया।अदालत ने रंजना कुमारी को एक साल की सजा के साथ ₹1.30 लाख जुर्माना भरने का आदेश दिया है। यदि वह जुर्माना अदा नहीं करती हैं, तो उन्हें एक माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
