धर्मशाला, राहुल-जिला कांगड़ा में सड़क दुर्घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। जिला में 51 ऐसे स्थान चिन्हित किए गए हैं, जहां लगातार सड़क हादसे हो रहे हैं और कई मामलों में जानमाल का नुकसान भी हुआ है। इन दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में सुधार और वैकल्पिक व्यवस्था के लिए प्रशासन ने संबंधित एसडीएम और लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के एक्सईएन से विस्तृत प्रस्ताव और एस्टीमेट मांगे हैं।
अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी (एडीएम) कांगड़ा शिल्पी बेक्टा ने बताया कि पिछले पांच वर्षों में जिले में वाहनों की संख्या तेजी से बढ़ी है, जबकि सड़क ढांचा उस अनुपात में विकसित नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि बढ़ते यातायात दबाव के कारण दुर्घटनाओं की संभावना भी बढ़ी है, जिसे देखते हुए अब तत्काल सुधारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं।एडीएम ने बताया कि दुर्घटनाओं के पीछे मुख्य रूप से दो कारण होते हैं—मानवीय त्रुटि और आधारभूत ढांचे की कमी। इसी को ध्यान में रखते हुए एक विशेष सॉफ्टवेयर के माध्यम से जिले में 51 ऐसे स्थानों की पहचान की गई है, जहां बार-बार गंभीर सड़क हादसे हो रहे हैं।
उन्होंने कहा कि इन स्थानों पर आवश्यकतानुसार रंबल स्ट्रिप्स लगाने, सड़क की चौड़ाई सुधारने और अन्य तकनीकी सुधार करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा कई जगहों पर संकरे मार्गों को खोलने और यातायात के वैकल्पिक मार्ग विकसित करने की संभावनाओं पर भी प्रस्ताव तैयार करने को कहा गया है।
प्रशासन का मानना है कि इन सुधारों से न केवल दुर्घटनाओं में कमी आएगी, बल्कि यातायात व्यवस्था भी अधिक सुचारु और सुरक्षित बनेगी। एडीएम शिल्पी बेक्टा ने स्पष्ट किया कि सड़क सुरक्षा के साथ-साथ बुनियादी ढांचे को मजबूत करना भी समय की आवश्यकता है, ताकि बढ़ते वाहन दबाव को प्रभावी ढंग से संभाला जा सके।
Chandrika
