शिमला-:जिला परिषद शिमला के अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष पद के लिए निर्वाचन प्रक्रिया आज बचत भवन में शांतिपूर्ण एवं सफलतापूर्वक संपन्न हुई। निर्वाचन उपायुक्त शिमला एवं पीठासीन अधिकारी अनुपम कश्यप की अध्यक्षता में निर्धारित प्रक्रिया के तहत करवाया गया।अध्यक्ष पद के लिए भूपेंद्र और सुरेंद्र रेटका आमने-सामने थे। मतदान में भूपेंद्र को 13 मत प्राप्त हुए, जबकि सुरेंद्र रेटका के पक्ष में 10 मत पड़े। इस दौरान दो मत अवैध घोषित किए गए। मतगणना के बाद भूपेंद्र को जिला परिषद शिमला का अध्यक्ष निर्वाचित घोषित किया गया।उपाध्यक्ष पद के लिए भरत सिंह कलांटा और मीनाक्षी के बीच मुकाबला हुआ। भरत सिंह कलांटा को 14 मत मिले, जबकि मीनाक्षी को 10 मत प्राप्त हुए। एक मत अवैध घोषित किया गया। परिणामस्वरूप भरत सिंह कलांटा को जिला परिषद शिमला का उपाध्यक्ष निर्वाचित घोषित किया गया।
निर्वाचन प्रक्रिया पूरी होने के बाद उपायुक्त एवं पीठासीन अधिकारी अनुपम कश्यप ने नवनिर्वाचित अध्यक्ष भूपेंद्र और उपाध्यक्ष भरत सिंह कलांटा को पद एवं गोपनीयता की निर्धारित शपथ दिलाई।इस अवसर पर उपायुक्त ने दोनों नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने उम्मीद जताई कि अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष जिला परिषद के दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा, पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ करेंगे। उन्होंने कहा कि जिला परिषद ग्रामीण विकास और जनकल्याण से जुड़े कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। नए नेतृत्व के माध्यम से जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति मिलने की उम्मीद है।निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे तथा पूरी प्रक्रिया शांतिपूर्ण एवं सुचारू रूप से संपन्न हुई।
