Shimla, Sanju-:सीटू केंद्रीय कमेटी के आह्वान पर आज शिमला में सीटू जिला कमेटी ने वेनेजुएला में अमेरिकी हस्तक्षेप के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। शिमला जिलाधीश कार्यालय के बाहर हुए इस प्रदर्शन में कार्यकर्ताओं ने अमेरिका की नीतियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सैन्य कार्रवाई की कड़ी निंदा की।
सीटू जिला कमेटी शिमला के नेतृत्व में हुए इस प्रदर्शन में वक्ताओं ने आरोप लगाया कि अमेरिका ने 3 जनवरी 2026 को वेनेजुएला की राजधानी काराकस सहित कई महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों, एयरबेस, रडार स्टेशनों, बंदरगाहों और मिरांडा हवाई अड्डे पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए।
इस अवसर पर सीटू के राज्य कोषाध्यक्ष जगत राम ने कहा कि अमेरिका का उद्देश्य वेनेजुएला के प्राकृतिक संसाधनों—विशेषकर तेल, गैस और खनिज संपदा—पर कब्जा जमाना और उसकी राजनीतिक संप्रभुता को समाप्त करना है। उन्होंने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी की गिरफ्तारी की कड़े शब्दों में निंदा की।जगत राम ने आरोप लगाया कि अमेरिकी युद्धोन्मादी नीतियां वैश्विक शांति और स्थिरता के लिए गंभीर खतरा बनती जा रही हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका आर्थिक प्रतिबंधों, भारी टैरिफ और सैन्य दबाव के जरिए विकासशील देशों को अपने नियंत्रण में रखना चाहता है।प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को तुरंत रिहा किया जाए, अमेरिकी सैन्य हस्तक्षेप को तत्काल समाप्त किया जाए और सभी सैनिकों की बिना शर्त वापसी सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही भारत सरकार से भी अपील की गई कि वह अमेरिकी कार्रवाई का खुलकर विरोध करे और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर संप्रभुता, गुटनिरपेक्षता और शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व के सिद्धांतों का समर्थन करे।
